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आकाशवाणी रामचरितमानस
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आकाशवाणी रामचरितमानस (जिसे रामचरितमानस गान भी कहा जाता है) गोस्वामी तुलसीदास कृत रामचरितमानस का आकाशवाणी द्वारा निर्मित संगीतमय रेडियो कार्यक्रम है। इसका प्रसारण आकाशवाणी के विभिन्न केन्द्रों से प्रातःकाल किया जाता है। यह सात काण्डों में विभाजित ४०८ प्रकरणों का कार्यक्रम है, जिसकी कुल अवधि लगभग ६२ घंटे है।Annual Report 1991–92 Ministry of Information and Broadcasting, Government of India 31 https://www.scribd.com/document/841044405/1991-1992 16 July 2026
thumb|प्रसार भारती द्वारा प्रस्तुत 'आकाशवाणी रामचरितमानस' कार्यक्रम का शीर्षक दृश्य
प्रसारण
प्रसार भारती के अन्तर्गत इसका प्रसारण प्रायः उत्तर भारतीय या हिन्दी पट्टी के रेडियो चैनल्स पर किया जाता है। इसके अतिरिक्त डी डी नेशनल पर भी सुबह इसका प्रसारण होता है।
रिकॉर्डिंग
रामचरितमानस का पहली बार १९८० में आकाशवाणी भोपाल में तत्कालीन स्टेशन निदेशक समर बहादुर सिंह के मार्गदर्शन में रिकॉर्ड किया गया।PM to launch digital version of epic 'Ramcharitmanas' tomorrow https://economictimes.indiatimes.com/news/politics-and-nation/pm-to-launch-digital-version-of-epic-ramcharitmanas-tomorrow/articleshow/48730598.cms The Economic Times PTI 30 August 2015 16 July 2026
गायक
सुरेश वाडकर
अनुराधा पौडवाल
जगजीत सिंह
रंजना जोगळेकर
राजन मिश्रा
साजन मिश्रा
अनूप जलोटा
हरिहरन
कविता कृष्णमूर्ति
महेन्द्र कपूर
भूपेन्द्र सिंह
रवीन्द्र साठे
आशा भोसले
उत्तरा केलकर
श्रीकांत पारगांवकर
लता मंगेशकर
प्रारूप
हर प्रकरण में परिचय में मानस के सारांश के बाद इसकी नियमित चौपाई, दोहों आदि लयबद्ध गाई जाती हैं। पहले प्रकरण में पण्डित जसराज और लता मंगेशकर ने स्वर दिया है जबकि अन्तिम प्रकरण का समापन सुरेश वाडकर और अनुराधा पौडवाल ने किया है।
डिजिटल संस्करण
31 अगस्त 2015 को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आकाशवाणी द्वारा निर्मित रामचरितमानस के डिजिटल सीडी सेट का विमोचन किया।PM releases digital version of Ramcharitmanas https://www.pib.gov.in/newsite/PrintRelease.aspx?lang=2®=48&relid=126476 Press Information Bureau भारत सरकार 31 अगस्त 2015 16 जुलाई 2026
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने कहा कि रामचरितमानस का डिजिटल संस्करण इस महान ग्रंथ को विश्वभर में अधिक लोकप्रिय बनाने में सहायक होगा। उन्होंने यह भी कहा कि 22 वर्षों तक आकाशवाणी से रामचरितमानस का निरंतर प्रसारण अपने आप में एक उल्लेखनीय उपलब्धि है।रामचरितमानस के डिजिटल संस्करण के जारी किये जाने पर प्रधानमंत्री के संबोधन का मूल पाठ https://www.pmindia.gov.in/hi/news_updates/रामचरितमानस-के-डिजिटल-संस्करण-के-जारी-किये-जाने-पर-प्रधानमंत्री-के-संबोधन-का-मूल-पाठ/ प्रधानमंत्री कार्यालय भारत सरकार 31 अगस्त 2015 16 जुलाई 2026
सन्दर्भ
श्रेणी:आकाशवाणी
श्रेणी:रामचरितमानस
श्रेणी:रेडियो कार्यक्रम