411 REFERENCE · Wikipedia
महाश्येन
Reference material by Wikipedia contributors. This retains its source identity and is not 411 news reporting.
गरुड़ पक्षी अक्टूबर 2026
महाश्येनEagle Indian spotted eagle.jpg 250px भारतीय महाश्येन जंतु रज्जुकी (Chordata) पक्षी (Aves) ऐकीपिट्रीफ़ोर्मीस (Accipitriformes) ऐकीपिट्रीडाए (Accipitridae) वंश व जातियाँ
कई वंशों में लगभग ७४ जातियाँ
गरुड़/महाश्येन (ईगल)Avasthī Sureśa Indujā Avasthī Chambers English-Hindi Dictionary Allied Publishers 1981 380 https://www.google.co.in/books/edition/Chambers_English_Hindi_Dictionary/d4srdecSTS4C?hl=en&gbpv=1&dq=%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%B2+%E0%A4%AE%E0%A4%B9%E0%A4%BE%E0%A4%B6%E0%A5%8D%E0%A4%AF%E0%A5%87%E0%A4%A8&pg=PA380&printsec=frontcover 26 April 2026 शिकार करने वाला बड़े आकार का पक्षी हैं।<ref name="m517">Google Books Google 12 November 2009 https://www.google.co.in/books/edition/%E0%A4%B9%E0%A4%BF%E0%A4%82%E0%A4%A6%E0%A5%80_%E0%A4%B5%E0%A4%BF%E0%A4%B6%E0%A5%8D%E0%A4%B5%E0%A4%95%E0%A5%8B%E0%A4%B6/5FrpAAAAMAAJ?hl=en&gbpv=1&bsq=%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%B2+%E0%A4%AE%E0%A4%B9%E0%A4%BE%E0%A4%B6%E0%A5%8D%E0%A4%AF%E0%A5%87%E0%A4%A8&dq=%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%B2+%E0%A4%AE%E0%A4%B9%E0%A4%BE%E0%A4%B6%E0%A5%8D%E0%A4%AF%E0%A5%87%E0%A4%A8&printsec=frontcover Google 2009 25 April 2026</div></ref> इस पक्षी को ऊँचाई से ही प्रेम है, धरातल से नहीं। इसकी दृष्टि बड़ी तीव्र होती है और यह धरातल पर विचरण करते हुए अपने शिकार को ऊँचाई से ही देख लेता है। यूरेशिया और अफ्रीका में इसकी साठ से अधिक प्रजातियाँ स्पेसीज पायी जाती हैं।
महाश्येन, फैल्कोनिफॉर्मीज़ गण, ऐक्सिपिटर (Accipitres) उपगण, फैल्कानिडी (Falconidae) कुल तथा ऐक्विलिनी (Aquilinae) उपकुल के अंतर्गत है। यह उपकुल दो वर्गों में विभाजित है। ये दो वर्ग ऐक्विला स्थल महाश्येन (Aquila Land Eagle) और हैलिई-एटस, जल महाश्येन (Haliaeetus Sea Eagle) हैं। इस श्येन परिवार में लगभग तीन सौ जातियाँ पाई जाती हैं। ये अनेक जातियाँ स्वभाव तथा आकार प्रकार में एक दूसरे से भिन्न होती हैं तथा विश्व भर में पाई जाती हैं।
right|thumb|300px|भगवान विष्णु के वाहन गरुड़ का मूर्तिकरण ; इनका नाक गरुड़ पक्षी के चोंच जैसा है।
प्राचीन काल से ही यह साहस एवं शक्ति का प्रतीक माना गया है। संभवत इन्हीं कारणों से सभी राष्ट्रों के कवियों ने इसका वर्णन किया है और इसे रूस, जर्मनी, संयुक्त राज्य आदि देशों में राष्ट्रीय प्रतीक के रूप में माना गया है। भारत में इसे गरुड़ की संज्ञा दी गई है तथा पौराणिक वर्णनों में इसे विष्णु का वाहन कहा गया है। संभवतः तेज गति और वीरता के कारण ही यह भगवान विष्णु का वाहन हो सका है।
अन्य देशों के भी पौराणिक वर्णनों में इसका वर्णन आता है, जैसे स्कैंडेनेविया में इसे तूफान का देवता माना गया है और यह बताया गया है कि यह देव स्वर्ग लोक के एक छोर पर बैठकर हवा का झोंका पृथ्वी पर फेंकता है। ग्रीसवासियों की, प्राचीन विश्वास के अनुसार, ऐसी धारणा है कि उनके सबसे बड़े देवता, ज़्यूस (Zeus), को इस महाश्येन ने ही सहायतार्थ वज्र प्रदान किया था।
भगवान् विष्णु का वाहन होकर भी इस पक्षी की मनोवृत्ति अहिंसक नहीं है। यह मांसभक्षी, अति लोलुप और प्रत्यक्षतः हानि पहुँचानेवाला होता है, तथापि यह उन बहुत से पक्षियों को समाप्त करने में सहायक है, जो कृषि एवं मनुष्यों को हानि पहुँचाते हैं। साथ ही साथ यह हानि पहुँचानेवाले सरीसृप तथा छोटे छोटे स्तनी जीवों को भी समाप्त करता है और इस प्रकार जंतुसंसार का संतुलन बनाए रखता है।
इन्हें भी देखें
गरुड़ -- भगवान विष्णु के वाहन
चील
श्येनपालन
बाहरी कड़ियाँ
Eagle photos on Oriental Bird Images
PBS Nature: Eagles
Eagle videos on the Internet Bird Collection
Eagle photos - including chick in nest
Web of the Conservation Biology Team-Bonelli's Eagle, of the University of Barcelona
Eagle Conservation Alliance (ECA)
Eagle Stamps from around the world
सन्दर्भ
श्रेणी:पक्षी
श्रेणी:शिकारी पक्षी
श्रेणी:ऐकीपिट्रीडाए
*