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411 समाचार
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सरदारशहर

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सरदारशहर Sardarshahar सरदारशहर India Rajasthan 28.44 74.49 inline, title राजस्थान में स्थिति ज़िला चूरू ज़िला प्रान्त राजस्थान देश 165911 2023 भाषाएँ प्रचलित राजस्थानी, हिन्दी भारतीय मानक समय +5:30 सरदारशहर (Sardarshahar) भारत के राजस्थान के चूरू ज़िले में स्थित एक शहर है। यह राजस्थान विधानसभा क्षेत्र की सीट भी है। सरदारशहर तहसील मुख्यालय है। और चूरू लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र का हिस्सा है। सरदारशहर की स्थापना 1838 में बीकानेर राज्य के "अलवाना" गाँव के स्थान पर हुई थी। शहर का नाम बीकानेर महाराजा राजा रतन सिंह के पुत्र सरदार सिंह के नाम पर रखा गया है। यह भित्तिचित्रों के साथ अपनी भव्य हवेलियों (हवेलियों) के लिए जाना जाता है, एशिया में एकमात्र क्लॉक टॉवर (घंटाघर), जिसके नीचे चारों दिशाओं में सड़कें चलती हैं, श्री इच्छापूर्ण बालाजी मंदिर, आचार्य श्री महाप्रज्ञ समाधि स्थल (शांतिपीठ), गांधी विद्या मंदिर आदि के लिए सरदार शहर जाना जाता है , यह अपने भोजन (विशेष रूप से मिठाई), हस्तकला के काम, चांदी के काम और लकड़ी के काम के लिए प्रसिद्ध है। यह ग्यारहवें आचार्य (धार्मिक प्रमुख) का जन्मस्थान है - श्री जैन तेरापंथी संप्रदाय के आचार्यश्री महाश्रमणजी।"Lonely Planet Rajasthan, Delhi & Agra," Michael Benanav, Abigail Blasi, Lindsay Brown, Lonely Planet, 2017, ISBN 9781787012332"Berlitz Pocket Guide Rajasthan," Insight Guides, Apa Publications (UK) Limited, 2019, ISBN 9781785731990सरदारशहर से पश्चिम 10 Km की दुरी पर स्थित गांव सवाई बड़ी में स्थित बाबा मोतीगिरी महाराज का प्रसिद्ध मंदिर है ओर 25 किलोमीटर में पर भानीपुरा तहसील है विवरण सरदारशहर यह बीकानेर से ८५ मील पूर्वोत्तर में बसा है। महाराजा सरदार सिंह ने सिंहासनारुढ़ होने के पूर्व ही यहां पर एक किला बनवाया था। शहर के चारों तरफ टीलें हैं, जिससे इसका सौंदर्य बहुत बढ़ गया है। ऐतिहासिक दृष्टि से महत्व रखने वाली एक छतरी भी है। यहाँ का गाँधी विद्या मंदिर प्रसिद्ध है। तथा यहां इच्छापुरन बालाजी मन्दिर भी प्रसिद्ध है इस के अलावा यहाँ घंटाघर भी प्रसिद्ध है जो एसिया का दूसरा सबसे बड़ा घंटाघर है जिसके नीचे से यातायात का आवागमन चारों दिशाओ से होता है | इसकी ऊँचाई 60 फीट है और इसके मीनार की लम्बाई लगभग 35 फीट है जिसमे स्विट्जरलैंड की घड़ी लगी हुई है तथा इसका निर्माण सन् 1972 ई में टांटिया परिवार ने करवाया था | और गांव बायला में माता जी (बाया जी) मन्दिर की ख्याति भी दूर दूर फैली हुई है। शनि देव का प्राचीन मंदिर एवं धर्मशाला जिसे पांचीराम पींचा ट्रस्ट द्वारा संचालित किया जाता है,हाथी पे सवार शनि देव की काफी मान्यता है। सरदारशहर तहसील चुरू जिले की सबसे बड़ी तहसील है। यहाँ का आई ऍस यू ई विश्वविद्यालय भी अत्यधिक प्रसिद्ध है। यह क्षेत्र चूरू लोक सभा निर्वाचन क्षेत्र के अन्तरगत आता है। यहां से मोहन लाल शर्मा, हजारीमल सारण,अशोक पींचा,केसरा बोहरा भी विधायक रह चुके है और वर्तमान विधायक अनिल शर्मा हैं और ये 7 बार यहां से विधायक रह चुके स्व. श्री भंवर लाल शर्मा के पुत्र है। सरदार शहर से चन्दन मल वैद और भंवर लाल शर्मा केबिनेट मंत्री रह चुके हैं। इन्हें भी देखें चूरू ज़िला सन्दर्भ श्रेणी:राजस्थान के शहर श्रेणी:चूरू ज़िला श्रेणी:चूरू ज़िले के नगर