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411 समाचार
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411 REFERENCE · Wikipedia

लेंगर्हंस के आइलेट

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सितंबर 2014 सितंबर 2014 लेंगर्हांस कोषिका beg mid thumbnail|250px|यह चित्र मूषक (ऊपर) के आइलेट और मानव (नीचे) के आइलेटों के ढाँचें में फ़र्क दिखाता है और अग्न्याशय का उदरीय (बायाँ) व पृष्ठीय (दाँया) भी दिखाता है। हर प्रकार की कोषिका को अलग रंग दिया गया है। मूषक आइलेट इंसुलिन अंतरभाग दिखाते हैं जबकि मानवीय में यह नहीं है। mid right|thumbnail|250px|शूकरीय आइलेट ऑफ़ लेंगर्हांस। बाईं छवि हीमाटोग्ज़ाइलिन दाग से बनी ब्राइट्फ़ील्ड छवि है; नाभियाँ गाढ़े रंग के वृत्त में हैं और कोष्ठकी अग्न्याशयी उतकक आइलेट ऊतक से अधिक गाढ़ा है। दाईं छवि उसी कटाव को इंसुलिन के इम्युनोफ़्लुओरेसेंस से दाग के बनी है, इसमें बीटा कोषिकाएँ दिखती हैं। mid thumb|250px|आइलेट्स ऑफ़ लेंगर्हांस, हेमालुम-इओसिन दाग। mid thumbnail|250px|श्वान के अग्न्याशय का चित्र। २५० गुना। end आइलेट्स ऑफ़ लेंगरहांस अग्न्याशय के वह क्षेत्र हैं जिनमें अंतःस्रावी (अर्थात्, हॉर्मोन-उत्पादक) कोषिकाएँ होती हैं। १८६९ में जर्मन रोगवैज्ञानी शरीरविज्ञान पॉल लेंगर्हांस द्वारा खोजा गए आइलेट्स ऑफ़ लेंगर्हांस अग्न्याशय की मात्र का कुछ १ या २% होते हैं। स्वस्थ वयस्क मनुष्य के अग्न्याशय में कुछ १० लाख आइलेट होते हैं जो कि पूरे अंग में फैले हुए होते हैं; इनकी कुल मात्रा १ से १.५ ग्राम होती है। कोशिका के प्रकार आइलेट्स ऑफ़ लेंगर्हंस द्वारा उत्पादित हॉर्मोन (कम से कम) पाँच प्रकार की कोषिकाओं द्वारा सीधे रक्त प्रवाह में रसित होते हैं। मूषक आइलेटों में अंतःस्रावी कोषिका उपसमुच्चयों का वितरण इस प्रकार है: इलायत एए, अल-नग्गर एमएम, ताहिर एम मूषक अग्न्याशयी आइलेटों का इम्यूनोसाइटोरसायनी व मोर्फ़ोमेट्रिक अध्ययन शरीर विज्ञान पत्रिका १८६ (पीटी ३) ६२९-३७ १९९५ ७५५९१३५ अल्फ़ा कोशिकाएँ ग्लूकागोन उत्पन्न करती हैं (कुल आइलेट कोषिकाओं के १५-२०%) बीटा कोशिकाएँ इंसुलिन व अमाइलिन उत्पन्न करती हैं (६५-८०%) डेल्टा कोशिकाएँ सोमटोस्टेटिन (३-१०%) पीपी कोशिकाएँ अग्न्याशयी पौलीपेप्टाइड उत्पन्न करती हैं (३-५%) एप्सिलोन कोशिकाएँ घ्रेलिन (<१%) यह पाया गया है कि अग्न्याशयी आइलेटों की साइटो-वास्तुशिल्प अलग अलग प्रजातियों में भिन्न भिन्न है। ब्रिसोवा एम, फ़ाउलर एमJ, निकल्सन डब्ल्यू ई, चु ए, हिर्शबर्ग बी, हर्लन डीएम, पावर्स एसी लेसर स्कैनिंग कोन्फ़ोकल सूक्ष्मदर्शिता द्वारा मानवीय अग्न्याशयी आइलेट वास्तुशिल्प व विन्यास का अध्ययन हिस्टोरसायन व सायटोरसायन की पत्रिका ५३ ९ १०८७-९७ २००५ १५९२३३५४ इची एच, इन्वरार्दी एल, पिलेग्गी ए, मोलानो आरडी, केब्रेरा ओ, कैसीडो ए, मेसिंजर एस, कुरोदा वाई, बर्ग्रेन पीओ, रिकोर्डी सी मानवीय आइलेट निर्माण में कोषिकीय बनावट व बीटा कोषिका जीवन योग्यता आँकने की नई विधि अमरीकी प्रतिरोपण पत्रिका ५ ७ १६३५-४५ २००५ १५९४३६२१ कब्रेरा ओ, बर्मन डीएम, केन्यन एनएस रिकोर्डी सी, बर्ग्रेन पीओ, कैसिडो ए The unique cytoarchitecture of human pancreatic islets has implications for islet cell function https://archive.org/details/sim_proceedings-of-the-national-academy-of-sciences-usa_2006-02-14_103_7/page/2334 Proceedings of the National Academy of Sciences of the United States of America 1091-6490 103 7 2334-9 2006 16461897 खासतौर पर, मूषक आइलेटों में इंसुलिन उत्पादी बीटा कोशिकाओं का बहुल हिस्सा गुच्छे के अंतर्भाग में होता है और इर्द गिर्द न्यून मात्रा में अल्फ़ा, डेल्टा व पीपी कोशिकाएँ होती हैं, जबकी मानवीय आइलेटों में पूरे गुच्छे अल्फ़ा और बीटा कोशिकाएँ काफ़ी आस पास करीबी संबंध में रहती हैं। आइलेटें एक दूसरे को पैराक्राइन व ऑटोक्राइन संचार के जरिए एक दूसरे को प्रभावित कर सकते हैं, तथा बीटा कोशिकाएँ अन्य बीटा कोशिकाओं के साथ विद्युतीय तौर पर भी जुड़े होते हैं (किंतु अन्य कोशिका प्रकारों के साथ नहीं)। पैराक्राइन प्रतिपुष्टि लेंगर्हंस के आइलेट की पैराक्राइन प्रतिपुष्टि प्रणाली का यह ढाँचा है: Wang, Michael B.; Bullock, John; Boyle, Joseph R. Physiology Lippincott Williams & Wilkins Hagerstown, MD 2001 April 2009 0-683-30603-0 इंसुलिन: बीटा कोषिकाओं को सक्रिय करती है व अल्फ़ा कोषिकाओं को निष्क्रिय करती है ग्लूकागोन: अल्फ़ा कोषिकाओं को सक्रिय करती है जो बीटा कोषिकाओं और डेल्टा कोषिकाओं को सक्रिय करते हैं। सोमटोस्टेनिन: अल्फ़ो कोषिकाओं और बीटा कोषिकाओं को निष्क्रिय करती है विद्युतीय गतिविधि अग्न्याशयी कोषिकाओं की विद्युतीय गतिविधि का अध्ययन पैच क्लैंप तकनीकों द्वारा किया गया है और पाया गया है कि अखंड आइलेटों की कोषिकाओं का व्यवहार छितरी कोषिकाओं के व्यवहार से काफ़ी अलग है। पेरेज़ -अर्मेंदारिज़ एम, रॉय सी, स्प्रे डीसी, बेनेट एमवी Biophysical properties of gap junctions between freshly dispersed pairs of mouse pancreatic beta cells जैवभौतिकी पत्रिका ५९ १ ७६-९२ १९९१ २०१५३९१ प्रकार १ की मधुमेह के उपचार के रूप में प्रकार १ मधुमेह में लेंगर्हंस के आइलेटों की बीटा कोषिकाएँ एक स्वचालित प्रतिरोध प्रक्रिया के जरिए चुन चुन के नष्ट कर दी जाती हैं, अतः शोधक और निदानकारी सक्रिय रूप से आइलेट प्रतिरोपण के जरिए शरीर-क्रियात्मक बीटा कोषिका क्रियाकलापों को पुनर्स्थापित करने की विधियाँ खोज रहे हैं ताकि प्रकार १ मधुमेह वाले मरीज़ों को राहत मिले। Meloche RM Transplantation for the treatment of type 1 diabetes World Journal of Gastroenterology 13 47 6347–55 2007 18081223 10.3748/wjg.13.6347 Hogan A, Pileggi A, Ricordi C Transplantation: current developments and future directions; the future of clinical islet transplantation as a cure for diabetes Frontiers of Bioscience 13 1192-205 2008 17981623 हाल के निदानात्मक प्रयोगों ने दिखाया है कि मृत दानकर्ताओं से प्राप्त आइलेटों के प्रतिरोपण के जरिए अस्थिर प्रकार १ मधुमेह के मरीज़ों को इंसुलिन से स्वतंत्रता और बेहतर चयापचयी नियंत्रण कई बार प्राप्त हुआ है। प्रकार १ मधुमेह के लिए आइलेट प्रतिरोपण के लिए इस समय सशक्त प्रतिरोधदमन की ज़रूरत होती है ताकि दानप्राप्त आइलेटों का अग्रहण न हो। Chatenoud L Chemical immunosuppression in islet transplantation--friend or foe? https://archive.org/details/sim_new-england-journal-of-medicine_2008-03-13_358_11/page/1192 New England Journal of Medicine 358 11 1192–3 2008 18337609 0028-4793 10.1056/NEJMcibr0708067 रेचेल हैरिस, आइलेट कोषिका प्राप्तकर्ता को मुधुमेह शोध संस्थान, मियामी, फ़्लोरिडा में प्रतिरोपित किया गया था। मियामी हेरल्ड के अनुसार फ़रवरी २००४ में रेचल सार्वाधिक समय तक इंसुलिन मुक्त जीवित मधुमेही बनीं। http://www.medicalnewstoday.com/articles/5893.php Diabetics - cell transplant gives new future Miami Herald MedicalNewsToday.com (republisher) February 10, 2004 February 13, 2004 2009-04-21 https://web.archive.org/web/20081228235058/http://www.medicalnewstoday.com/articles/5893.php 28 दिसंबर 2008 live बीटा कोषिकाओं का एक और स्रोत, जैसे कि किसी मधुमेही की वयस्क स्टेम कोशिकाओं या पूर्वज कोशिकाओं द्वारा प्राप्त आइलेटों से प्रतिरोपण के लिए दानियों के अंगों की तंगी थोड़ी कम हो सकती है। पुनर्जनन चिकित्सा का क्षेत्र काफ़ी तेज़ी से विकसित हो रहा है और निकट भविष्य में काफ़ी आशाएँ दे सकता है। लेकिन, प्रकार १ मधुमेह, अग्न्याशय में बीटा कोषिकाओं के स्वप्रतिरोधी नाश से होता है। अतः एक प्रभावी उपचार के लिए क्रमबद्ध, समीकृत विधि अपनानी होगी जो कि उपयुक्त व सुरक्षित स्वप्रतिरोधी अवरोध और बीटा कोषिका पुनर्जनन दोनों का ही खयाल रखे। Pileggi A, Cobianchi L, Inverardi L, Ricordi C Overcoming the challenges now limiting islet transplantation: a sequential, integrated approach Annals of the New York Academy of Sciences 1079 383-98 2006 17130583 0077-8923 प्रतिरोपण आइलेट कोशिका प्रतिरोपण से बीटा कोषिकाएँ वापस लाने और मधुमेह का उपचार करने की संभावना है, यह पूर्ण अग्न्याशय प्रतिरोपण या कृत्रिम अग्न्याशय के बजाय एक और विकल्प है। इलिनॉय विश्वविद्यालय के शिकागो चिकित्सा केंद्र में मुख्यालयित शिकागो परियोजना यह कोशिश कर रही है कि बीटा कोषिकाओं को "इन विवो" ही पुनर्जनित किया जाए। ध्यान देने योग्य है कि बीटा कोषिकाओं में जल्दी ही एपोप्टोसिस हो जाती है और ये साधारण रूप से चलने वाले अग्न्याशय में नष्ट हो जाते हैं। इसका स्रोत पैंडर (एफ़एएम३बी), प्रतीत होता है, यह एक जीन है जो आरएनए के साथ जुड़ के काम करता है। साओ एक्स, गाओ ज़ेड, राबर्ट सीई, आदि। Pancreatic-derived factor (FAM3B), a novel islet cytokine, induces apoptosis of insulin-secreting beta-cells मधुमेह ५२ ९ २२९६-३०३ २००३ १२९४१७६९ १०.२३३७/मदुमेह.५२.९.२२९६ सक्रिय होने पर पैंडर बीटा कोषिकाओं को एस चरण में अवरोधित कर देता है जिससे एपोप्टोसिस हो जाती है। इस बीटा कोषिका की मात्रा में घटाव होने से अधिकांश प्रतिरोपित बीटा कोषिकाएँ भी नष्ट हो जाती हैं। दीर्घा हार्मोन/आइलेट वास्तुशिल्प इन्हें भी देखें मानवीय शरीर रचना अग्न्याशयी हार्मोन सन्दर्भ 2 बाहरी कड़ियाँ A03.734.414 Islets+of+Langerhans "मानवीय अग्न्याशय - एच एंड ई", ब्लू हिस्टोलाजी - सहायक पाचक ग्रंथियाँ, शरीर विज्ञान वा मानवीय जीव विज्ञान विद्यालय पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया विश्वविद्यालय आइलेट, लेंगर्हंस के