Skip to main content

  | मौसम…

411 समाचार
Public archive edition · Attributed source reporting with original dates · AI drafts are excluded

411 REFERENCE · Wikipedia

मोक्ष (2001 फ़िल्म)

Reference material by Wikipedia contributors. This retains its source identity and is not 411 news reporting.

मोक्ष मोक्ष.jpg मोक्ष का पोस्टर अशोक मेहता नीरजा मेहता अशोक मेहतामनीषा कोइराला की जीवनी https://hindi.theindianwire.com/%E0%A4%AE%E0%A4%A8%E0%A5%80%E0%A4%B7%E0%A4%BE-%E0%A4%95%E0%A5%8B%E0%A4%87%E0%A4%B0%E0%A4%BE%E0%A4%B2%E0%A4%BE-%E0%A4%9C%E0%A5%80%E0%A4%B5%E0%A4%A8%E0%A5%80-227688/ दा इंडियन वायर 1 मार्च 2024 2 जनवरी 2020 राजेश रोशन ह्रदय लानी (संवाद) अर्जुन रामपाल, मनीषा कोइराला 30 नवंबर, 2001 भारत हिन्दी मोक्ष 2001 में बनी हिन्दी भाषा की फिल्म है। यह अशोक मेहता द्वारा निर्देशित उनकी पहली फिल्म है। फिल्म में अर्जुन रामपाल और मनीषा कोइराला हैं। फिल्म ने 48वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार में सर्वश्रेष्ठ सिनेमैटोग्राफी और सर्वश्रेष्ठ ऑडियोग्राफी का पुरस्कार जीता। संक्षेप कहानी एक कानून स्नातक विक्रम सहगल (अर्जुन रामपाल) के इर्द-गिर्द घूमती है जो अपनी वर्तमान स्थिति से असंतुष्ट है। वह एक आदर्शवादी है और दुनिया में बदलाव लाने के लिए भ्रष्टाचार और सामाजिक मुद्दों के खिलाफ लड़ने की इच्छा रखता है। एक युवा लड़की ऋतिका (मनीषा कोइराला) उस पर मोहित हो जाती है और उसका दिल जीतने की कोशिश करती है। शुरू में तो विक्रम ने उसकी बात को अस्वीकार कर दिया, लेकिन बाद में वह एक जोड़ा बन गए। विक्रम का आदर्शवाद उसे गरीबों के लिए मुफ्त कानूनी सेवा स्थापित करने के लिए प्रेरित करता है। हालाँकि, उसे अपने इस मुद्दे का समर्थन प्राप्त करने के लिए समान विचारधारा वाले वकील ढूंढना मुश्किल होता है। उसके पिता और बॉस सोचते हैं कि वह मुफ़्त कानूनी सेवाएं प्रदान करने के परिणामों को समझने के लिए बहुत छोटा और भोला है। वह और अधिक निराश हो जाता है। आख़िरकार, वह अपने मुफ़्त कानूनी संस्थान की स्थापना के लिए एक बैंक को लूटने की योजना बनाता है। विक्रम, ऋतिका के साथ मिलकर एक बैंक लूटने की साजिश रचता है। हालाँकि, ऋतिका का हृदय परिवर्तन हो जाता है और वह विक्रम को इस योजना को छोड़ने के लिए मना लेती है। लेकिन नियोजित डकैती के दिन, एक मुखबिर बैंक अधिकारियों को सचेत कर देता है। कुछ ही समय बाद ऋतिका मृत पाई जाती है और सभी संकेत विक्रम की ओर इशारा करते हैं। एक अदालती लड़ाई शुरू हो जाती है, जिसमें विक्रम खुद का प्रतिनिधित्व करता है। फैसले के बाद, ऋतिका की सबसे अच्छी दोस्त खुलासा करती है कि रितिका नहीं, वह वो मुखबिर थी जिसने बैंक को सचेत किया था। अपराधबोध से ग्रस्त होकर, विक्रम अपनी जान लेने का प्रयास करता है लेकिन ऐसा करने में असमर्थ होता है। वह फिर से बैंक लूटने का फैसला करता है। इस बार एक खाली बंदूक के साथ। वह खुद को बलिदान करने के इरादे से बैंक में प्रवेश करता है और अंततः बंदूक की गोली से मर जाता है। मुख्य कलाकार अर्जुन रामपाल — विक्रम सहगल मनीषा कोइराला — ऋतिका सन्याल कल्पना पंडित — नीलिमा सुरेश ओबेरॉय — विक्रम के पिता कमल चोपड़ा — पवन चोपड़ा — फरीदा ज़लाल — सलीम की मां सुषमा सेठ — नानी माँ सुलभा देशपांडे — डैनी डेन्जोंगपा — नसीरुद्दीन शाह — डीन किरन कुमार — गुलशन ग्रोवर — वकील मेहरा परेश रावल — शरन मामा संगीत गीत गायक राजेश रोशन जानलेवा सुखविंदर सिंह, कविता कृष्णमूर्ति 5:31 श्रवण सिन्हा हमको प्यार है कमाल ख़ान, स्नेहा पंत 8:46 जावेद अख्तर सीप में मोती — महिला संस्करण पामेला जैन 5:40 जावेद अख्तर नानी माँ लोरी महालक्ष्मी अय्यर 5:33 जावेद अख्तर नानी माँ डोमिनिक 8:04 जावेद अख्तर मोहब्बत ज़िन्दगी है मधुश्री 6:19 जावेद अख्तर सीप में मोती — पुरुष संस्करण शान 5:52 जावेद अख्तर जानलेवा — रिमिक्स सुखविंदर सिंह, कविता कृष्णमूर्ति 4:44 श्रवण सिन्हा सन्दर्भ बाहरी कड़ियाँ 0301240 मोक्ष श्रेणी:2001 में बनी हिन्दी फ़िल्म श्रेणी:राजेश रोशन द्वारा संगीतबद्ध फिल्में श्रेणी:राष्ट्रीय फ़िल्म पुरस्कार विजेता