Skip to main content

  | मौसम…

411 समाचार
Public archive edition · Attributed source reporting with original dates · AI drafts are excluded

411 REFERENCE · Wikipedia

विलियम आर्थर लुई

Reference material by Wikipedia contributors. This retains its source identity and is not 411 news reporting.

जुलाई 2026 विलियम आर्थर लुईस 23 जनवरी 1915 कैस्ट्रीज, सेंट लूसिया 15 जून 1991 ब्रिजटाउन, बारबाडोस सेंट लूसियाई अर्थशास्त्र लंदन अर्थशास्त्र विद्यापीठ द्वैत क्षेत्र प्रतिरूप, विकास अर्थशास्त्र अर्थशास्त्र में नोबेल पुरस्कार (1979) विलियम आर्थर लुईस (23 जनवरी 1915 – 15 जून 1991) एक अत्यंत प्रख्यात और विश्वविख्यात अर्थशास्त्री, शिक्षाविद और नीति निर्माता थे, जिन्हें विकास अर्थशास्त्र और विशेष रूप से विकासशील देशों की आर्थिक समस्याओं के ऐतिहासिक अनुसंधानों के लिए पूरी दुनिया में जाना जाता है।https://www.nobelprize.org/prizes/economic-sciences/1979/lewis/biographical/ विलियम आर्थर लुईस की जीवनी नोबेल पुरस्कार समिति 2 जून 2026 वर्ष 1979 में उन्हें अर्थशास्त्र के क्षेत्र में उनके अभूतपूर्व और अत्यंत महत्वपूर्ण वैज्ञानिक योगदान के लिए थियोडोर शुल्त्स के साथ संयुक्त रूप से अर्थशास्त्र के सर्वोच्च सम्मान, नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।https://www.nytimes.com/1979/10/17/world/nobel-memorial-prize-in-economics.html अर्थशास्त्रियों ने जीता अर्थशास्त्र का नोबेल पुरस्कार द न्यूयॉर्क टाइम्स 17 अक्टूबर 1979 2 जून 2026 यह महान सम्मान प्राप्त करने वाले वे अश्वेत समुदाय के पहले व्यक्ति थे, जिसने उनके इस वैज्ञानिक योगदान को और भी अधिक ऐतिहासिक बना दिया।लुईस विलियम आर्थर श्रम की असीमित आपूर्ति के साथ आर्थिक विकास आर्थिक समीक्षा पत्रिका 1954 12 139-191 उनका यह अत्यंत महत्वपूर्ण शोध वैश्विक अर्थव्यवस्था, विशेषकर गरीब देशों की आर्थिक स्थिति और उनके विकास के प्रतिरूप को स्पष्ट रूप से समझने में एक बहुत बड़ा मील का पत्थर माना जाता है। प्रारंभिक जीवन और शिक्षा thumb|right|सेंट लूसिया का राष्ट्रीय ध्वज। महान अर्थशास्त्री विलियम आर्थर लुईस का जन्म कैरेबियन सागर में स्थित इसी छोटे से द्वीप देश में हुआ था। उनका जन्म 23 जनवरी 1915 को कैरेबियाई द्वीप देश सेंट लूसिया के कैस्ट्रीज नामक नगर में हुआ था।स्मिथ रॉबर्ट लुईस का प्रारंभिक जीवन और संघर्ष 2001 अर्थशास्त्र शिक्षा प्रकाशन उनके प्रारंभिक जीवन का समय अत्यंत संघर्षपूर्ण और चुनौतियों से भरा हुआ था। उनके माता-पिता दोनों शिक्षक थे, लेकिन जब वे मात्र सात वर्ष के थे, तब उनके पिता का आकस्मिक निधन हो गया था। इसके पश्चात उनकी माता ने अत्यंत विपरीत परिस्थितियों में पांच बच्चों का लालन-पालन किया। बचपन से ही उनकी कुशाग्र बुद्धि के कारण उन्हें अपनी स्कूली शिक्षा सामान्य छात्रों की तुलना में बहुत जल्दी पूरी करने का अवसर मिला।जॉनसन माइकल महान अर्थशास्त्रियों का प्रारंभिक जीवन प्रायोगिक अर्थशास्त्र पत्रिका 2003 22 112-118 अपनी प्रारंभिक और माध्यमिक शिक्षा उत्कृष्ट रूप से पूर्ण करने के पश्चात, उन्होंने उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए विशेष छात्रवृत्ति प्राप्त की और लंदन अर्थशास्त्र विद्यापीठ में प्रवेश लिया।https://www.lse.ac.uk/about-lse/history लंदन अर्थशास्त्र विद्यापीठ का इतिहास लंदन अर्थशास्त्र विद्यापीठ 2 जून 2026 इसी महान संस्थान से उन्होंने वर्ष 1937 में अर्थशास्त्र विषय में अपना स्नातक अत्यंत उत्कृष्ट अंकों के साथ पूर्ण किया। इसके पश्चात वे अपना अनुसंधान कार्य जारी रखने के लिए वहीं रुक गए। इसी प्रतिष्ठित संस्थान से उन्होंने वर्ष 1940 में अर्थशास्त्र में अपनी विद्यावाचस्पति (डॉक्टरेट) की सर्वोच्च उपाधि सफलतापूर्वक प्राप्त की।लुईस विलियम मेरा अकादमिक सफर और आर्थिक नीतियां 1965 विश्व अर्थशास्त्र प्रकाशन यहाँ उन्होंने औद्योगिक अर्थशास्त्र पर अपना बहुत ही महत्वपूर्ण शोध कार्य पूर्ण किया था, जिसने उनके भविष्य के सबसे बड़े आर्थिक सिद्धांत की अत्यंत मजबूत नींव रखी। विशेषज्ञता उनके अकादमिक शोध और विशेषज्ञता का मुख्य केंद्र विकास अर्थशास्त्र और आर्थिक इतिहास था। उन्होंने एक अत्यंत नवीन और क्रांतिकारी आर्थिक सिद्धांत का निर्माण किया, जिसे आज पूरी दुनिया में 'द्वैत क्षेत्र प्रतिरूप' के नाम से जाना जाता है।डेविस पॉल आर्थिक विकास का इतिहास और प्रतिरूप 2005 कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय प्रकाशन उनका यह सिद्धांत स्पष्ट रूप से प्रमाणित करता है कि विकासशील देशों की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से दो अलग-अलग क्षेत्रों में बंटी होती है: एक पारंपरिक और निर्वाह कृषि क्षेत्र, और दूसरा आधुनिक औद्योगिक क्षेत्र।टेलर रिचर्ड वैश्विक विकास में नई क्रांतियाँ नेचर आर्थिक पत्रिका 2000 10 78-85 उन्होंने अपने शोध में यह भी सिद्ध किया कि पारंपरिक कृषि क्षेत्र में आवश्यकता से अधिक श्रमिक होते हैं, जिनकी उत्पादकता लगभग शून्य होती है। जब इन अतिरिक्त श्रमिकों को आधुनिक औद्योगिक क्षेत्र में स्थानांतरित किया जाता है, तो इससे न केवल उद्योग का विस्तार होता है, बल्कि पूरे देश का आर्थिक विकास अत्यंत तीव्र गति से होने लगता है। उन्होंने यह भी समझाया कि विकासशील देशों को अपने कृषि क्षेत्र में सुधार के साथ-साथ पूंजी निर्माण पर भी अत्यधिक ध्यान देना चाहिए। यह सिद्धांत आज भी आधुनिक अर्थशास्त्र और विकास नीतियों का एक बहुत बड़ा और प्रामाणिक आधार है।विलियम्स जॉर्ज आधुनिक अर्थशास्त्र के नए सिद्धांत 2010 स्प्रिंगर प्रकाशन पुरस्कार और मान्यता अर्थशास्त्र और आर्थिक विकास के क्षेत्र में उनके इस ऐतिहासिक और अभूतपूर्व अनुसंधान के लिए उन्हें वर्ष 1979 में अर्थशास्त्र के नोबेल पुरस्कार से नवाजा गया।https://www.nobelprize.org/prizes/economic-sciences/1979/summary/ 1979 अर्थशास्त्र नोबेल पुरस्कार का सारांश नोबेल फाउंडेशन 2 जून 2026 इस महान पुरस्कार ने अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर उनके द्वारा किए गए शोध को एक नई और अत्यधिक प्रतिष्ठित मान्यता प्रदान की। नोबेल पुरस्कार के अतिरिक्त उन्हें दुनिया भर के कई अत्यंत प्रतिष्ठित आर्थिक संगठनों और संस्थाओं द्वारा बहुत ही बड़े सम्मानों से नवाजा गया। उनकी प्रसिद्ध पुस्तक 'आर्थिक विकास का सिद्धांत' को अर्थशास्त्र जगत में एक अत्यंत प्रामाणिक और आधारभूत ग्रंथ की मान्यता प्राप्त है।एंडरसन थॉमस अर्थशास्त्र में विकास के सिद्धांत और मान्यता आर्थिक प्रगति 2012 45 200-210 उनके ऐतिहासिक शोध कार्य के कारण ही आज विश्व बैंक और संयुक्त राष्ट्र जैसी संस्थाओं को गरीब देशों के लिए नीतियां बनाने में अत्यधिक सहायता मिलती है। वे कई दशकों तक मैनचेस्टर विश्वविद्यालय और प्रिंसटन विश्वविद्यालय में एक पूर्णकालिक वरिष्ठ प्राध्यापक के रूप में कार्यरत रहे। इन्हें भी देखें अर्थशास्त्र में नोबेल पुरस्कार सन्दर्भ 2