Skip to main content

  | मौसम…

411 समाचार
Public archive edition · Attributed source reporting with original dates · AI drafts are excluded

411 REFERENCE · Wikipedia

स्तानिस्लाव लॅम

Reference material by Wikipedia contributors. This retains its source identity and is not 411 news reporting.

thumb|230px|1966 में खींची गई स्तानिस्लाव लॅम की तस्वीर स्तानिस्लाव लॅम (पोलिश भाषा: Stanisław Herman Lem, जन्म: 12 सितम्बर 1921, मृत्यु: 27 मार्च 2006) पोलैंड के एक प्रसिद्ध लेखक थे, जिन्होनें विज्ञान कथा साहित्य, दर्शनशास्त्र और तन्ज़ के क्षेत्रों में कई रचनाएँ प्रकाशित कीं। उनकी किताबों को 14 भाषाओँ में अनुवादित किया गया है और उनकी कुल मिलकर 2.7 करोड़ प्रतियाँ बिक चुकी हैं।Stanislaw Lem 1921 - 2006 https://web.archive.org/web/20110807142140/http://english.lem.pl/index.php/arround-lem/critique/articles/180-obituary-by-rob-jan 7 अगस्त 2011 . Obituary at Lem's official site उनका सब से मशहूर उपन्यास सन् 1961 में प्रकाशित होने वाले सोलारिस था, जिसपर आधारित तीन फ़िल्में बन चुकी हैं। जीवनी स्तानिस्लाव लॅम का जन्म 1921 में पोलैंड के ल्विव (Lviv) शहर में हुआ था। वे सबरीना वोलर और सैमुएल लॅम के पुत्र थे। सैमुएल लॅम स्वरग्रंथि के विशेषज्ञ और ऑस्ट्रो-हंगेरियाई सेना में चिकित्सक थे। उनकी परवरिश एक इसाई रोमन कैथोलिक की तरह की गई, लेकिन आगे चलकर उन्होंने अपने आप को एक भगवान में न मानने वाला नास्तिक घोषित कर दिया। उन्होने कहा के "इस दुनिया में इतना दुख-दर्द है कि मैं नहीं मानना चाहता कि किसी ने जान-बूझकर इसे बनाया होगा।"http://missourireview.com/printable.php?genre=Interviews&title=An+Interview+with+Stanislaw+Lem An Interview with Stanislaw Lem 27 सितंबर 2007 https://web.archive.org/web/20070927051312/http://missourireview.com/printable.php?genre=Interviews&title=An+Interview+with+Stanislaw+Lem 27 सितंबर 2007 dead द्वितीय विश्वयुद्ध में पोलैंड पर जर्मन क़ब्ज़ा हो गया। लॅम का परिवार यहूदी जड़े रखता था और जर्मनी की नाट्ज़ी सरकार उस ज़माने में यहूदियों को मार रही थी। लॅम ने नकली काग़ज़ात के ज़रिये ज़िन्दगी बसर की।Stanislaw Lem: Chance and Order https://web.archive.org/web/20070515190323/http://cse.ucdavis.edu/~chaos/courses/ncaso/Readings/Lem_CAO_NY1984.html 15 मई 2007 , autobiographical essay, The New Yorker 59 (30 जनवरी 1984) 88-98] उन्होने एक कार-मिस्त्री का काम किया और जर्मनी के विरुद्ध अंदरूनी झड़पों में भी योगदान दिया। युद्ध के अंत में लॅम परिवार क्राकोव (Kraków) शहर जा बसा और वहाँ अपने पिता के ज़ोर देने पर लॅम ने यागिएलोनी विश्वविद्यालय (Uniwersytet Jagielloński) में डाक्टरी पढ़ी। वे सेना में चिकित्सक नहीं बनाना चाहते थे, इसलिए उन्होने अपने कुछ इम्तिहान जान-बूझकर फ़ेल कर दिए। उन्होंने एक वैज्ञानिक संस्थान में अनुसन्धान सहायक के रूप में काम करना शुरू कर दिया और अपने फ़ुर्सत के समय में कहानियाँ भी लिखे लगे। उन दिनों में सोवियत संघ में जोसेफ़ स्टालिन का राज था और पोलैंड सोवियत संघ के गुट में था। स्टालिन की नीतियाँ सख़्त थीं और हर किताब के छपने से पहले सरकार की मंज़ूरी लेना आवश्यक था। सन् 1956 के बाद स्टालिनवाद की सख़्ती समाप्त हुई। 1956 से लेकर 1968 तक स्तानिस्लाव लॅम ने 17 किताबें पूरी करीं, जिनसे इन्हें देश-विदेश में ख्याति मिली। इनकी सब से प्रसिद्ध पुस्तकें "सोलारिस" (Solaris, 1961), "मालिक की आवाज़" (His Master's Voice, 1968) और "फ़ीयासको" (Fiasco, 1987) हैं। लॅम की मृत्यु 84 वर्षों की आयु पर क्राकोव में 27 मार्च 2006 को हृदय रोग से हुई। इन्हें भी देखें सोलारिस (उपन्यास) विज्ञान कथा साहित्य सन्दर्भ श्रेणी:पोलैंड के लेखक श्रेणी:विज्ञान कथा लेखक श्रेणी:हिन्दी विकि डीवीडी परियोजना श्रेणी:पोलिश उपन्यासकार श्रेणी:पोलैंड के लोग