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411 समाचार
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कर्नाला दुर्ग

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कर्नाला दुर्ग कर्नाळा किल्ला कर्नाला, महाराष्ट्र 300px कर्नाला दुर्ग का प्रवेशद्वार India Maharashtra 300 महाराष्ट्र में पहाड़ी दुर्ग 18 52 54 N 73 07 05 E पत्थर 439 m ft 0 on ASL खंडहर भारत सरकार हाँ, सुबह 6 बजे से सायं 6 बजे तक अहमदनगर सल्तनत, पूर्तगाली, मराठा, ब्रितानी ईस्ट इंडिया कंपनी कर्नाला दुर्ग अथवा कर्नाला किला (जिसे चिमनी पहाड़ी अथवा फनल हिल भी कहा जाता है) भारतीय राज्य महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले में स्थित एक पहाड़ी दुर्ग है। यह पनवेल नगर से लगभग 10 किलोमीटर दूर स्थित है। वर्तमान में यह कर्नाला पक्षी अभ्यारण्य के अंतर्गत एक संरक्षित स्थान है। यह रणनीतिक महत्व का स्थान था क्योंकि यह बोर दर्रे की निगरानी करने में सक्षम था। यह दर्रा कोंकण तट को महाराष्ट्र के आंतरिक भाग (दक्कन पठार) से जोड़ने वाला मुख्य व्यापार मार्ग था।https://archive.org/details/imperialgazette04offigoog इम्पिरियल गजेटियर ऑफ़ इंडिया हंटर विलियम विल्सन क्लेरेंडन प्रेस 1908 59 karnala fort. 2009-02-16 इतिहास दुर्ग का निर्माण संभवतः वर्ष 1400 से पहले देवगिरी यादवों (1248-1318) और तुगलक शासकों (1318-1347) द्वारा किया गया था। कर्नाला उनके संबंधित साम्राज्यों के उत्तरी कोंकण जिलों की राजधानी था।http://www.maharashtra.gov.in/english/gazetteer/KOLABA/places_Karnala.html Kolaba District Gazetteer 2009-02-16 बाद में यह गुजरात सल्तनत के अधीन आ गया था लेकिन वर्ष 1540 में अहमदनगर के निज़ाम शाह ने इस पर कब्ज़ा कर लिया। इसके बाद गुजरात के सुल्तानों ने इसे वापस जीतने के लिए बासीन (आधुनिक वसई) में पुर्तगालियों के कमांडिंग ऑफिसर डोम फ्रांसिस्को डी मेनेंजेस से मदद का अनुरोध किया। उन्होंने अपने 500 सैनिकों को कर्नाला दुर्ग पर जाने का आदेश दिया और वो उस पर कब्ज़ा करने में सफल रहे। किले को पुर्तगाली सैनिकों की देखरेख में गुजरात सल्तनत के अधीन छोड़ दिया गया था।https://books.google.com/books?id=GhAoAAAAYAAJ&q=karnala+fort&pg=PA453 The Portuguese in India : A.D. 1481-1571 डेनवर फ्रेडरिक चार्ल्स डब्ल्यू.एच. और एलन 1894 452–453 :en:Frederic Charles Danvers 2009-02-16 गुजरात के सुल्तान ने दुर्ग पुर्तगालियों को सौंपा और वसई भाग गए। कर्नाला की हार से निज़ाम शाह क्रोधित हो गए और उन्होंने किले और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों को पुनः प्राप्त करने के लिए 5,000 सैनिक भेजे।https://books.google.com/books?id=GhAoAAAAYAAJ&q=karnala+fort&pg=PA453 The Portuguese in India : A.D. 1481-1571 Danvers Frederick Charles W.H. and Allen 1894 452–453 Frederic Charles Danvers 2009-02-16Danvers, Frederick Charles (1894). The Portuguese in India : A.D. 1481-1571. W.H. and Allen. pp. 452–453. Retrieved 16 February 2009. यह प्रयास असफल रहा और पुर्तगालियों का दुर्ग पर कब्ज़ा जारी रहा। हालाँकि, सांगली और कर्नाला के दुर्ग रणनीतिक महत्त्व के होते हुये भी पूर्तगाली वायसराय ने 17,500 रुपये (अथव 5,000 स्वर्ण मुद्राओं) के वार्षिक भुगतान के बदले यह निज़ाम शाह को वापस कर दिया।https://archive.org/details/cu31924070623685 Gazetteer of the Bombay Presidency गवर्नमेंट सेंट्रल प्रेस 1883 387 वर्ष 1670 में छत्रपति शिवाजी ने यह दुर्ग मुगलों से जीत लिया और इसमें आवक्षभीत्ति का निर्माण करवाया।http://www.maharashtra.gov.in/english/gazetteer/KOLABA/places_Karnala.html Kolaba District Gazetteer 2009-02-16"Kolaba District Gazetteer". Retrieved 16 February 2009. वर्ष 1680 में शिवाजी के निधन के पश्चात् औरंगजेब ने इसपर पुनः कब्ज़ा कर लिया। इसके बाद कुछ समय बाद तक इस पर मुगलों का कब्जा रहा जिसे बाद में वर्ष 1740 में पुणे के पेशवाओं अपने अधिकार में ले लिया। यह वर्ष 1818 में कर्नल प्रोथर के जीतने तक किलर (गैरीसन कमांडर) अनंतराव के अधीन रहा।https://books.google.com/books?id=Kq09AAAAIAAJ&q=karnala+fort Vasudeo Balvant Phadke शास्त्रि जोशी वेंकटेश डीएस मराठे 1959 कर्नल प्रोथर के जीतने के बाद इसका अधिकार ब्रिटिश इंडिया कंपनी के अधीन हो गया। किले तक ट्रैकिंग आज दुर्ग के खंडहर लंबी पैदल यात्रा और पर्यटन के लिए एक लोकप्रिय गंतव्य हैं।http://www.timetotravel.co.in/2012/06/karnala-bird-santuary.html Karnala Bird Sanctuary - How to go, what is there to see 2014-07-14 दुर्ग तक जाने के लिए दो रास्ते हैं जिनमें पहला कर्नाल दुर्ग का रास्ता और दूसरा प्राकृतिक रास्ता है।https://insider.in/monsoon-trek-to-karnala-fort-wandering-souls-jun25-2023/event Karnala Fort and Bird sanctuary near Mumbai (Maharashtra) monsoon trek सिंह भरत 18 जुलाई 2015 inditramp 11 दिसम्बर 2023 करनाला दुर्ग ट्रेल ट्रेक पहाड़ी के नीचे से 1 घंटे/2.69 किलोमीटर का है।https://www.wikiloc.com/hiking-trails/karnala-fort-trail-10224687 Karnala Fort Trail inditramp July 17, 2015 Wikiloc July 29, 2020 वन विभाग द्वारा बनाए गए मार्ग पर 5 विश्राम स्थल हैं। किले के प्रवेश द्वार के पास अंतिम चढ़ाई वाली सीढ़ियों को लोहे की रेलिंग द्वारा सुरक्षित बनाया गया है। शिखर के नीचे खाना पकाना उचित नहीं है, क्योंकि धुएं की गंध से मधु मक्खियाँ परेशान हो सकती हैं। सबसे दक्षिणी चट्टान पर बने पानी के कुंड का पानी पीने योग्य है। वन गेस्ट हाउस में प्राथमिक चिकित्सा उपलब्ध है। प्राकृतिक पथ छोटा (1.20 किलोमीटर) है और दुर्ग तक पहुंचने का रास्ता अधिक खड़ा है।https://www.wikiloc.com/hiking-trails/nature-trail-to-karnala-fort-10229548 Nature Trail to Karnala Fort inditramp July 18, 2015 Wikiloc July 29, 2020 मानसून के दौरान ट्रैकिंग करना वास्तव में एक रोमांचक अनुभव है। http://passionsprimitive.blogspot.co.uk/2016/07/karnala-bird-sanctuary-and-fort.html Passions Primitive: Karnala Bird Sanctuary and Fort passionsprimitive.blogspot.co.uk प्रमुख विशेषताएं बाएँ|अंगूठाकार|200x200पिक्सेल| कर्नाला दुर्ग सीढ़ियों सहित भवानी मंदिर अंगूठाकार| कर्नाला दुर्ग के नीचे स्थित भवानी मंदिर। किले की छवियाँ सन्दर्भ श्रेणी:रायगढ़ ज़िले, महाराष्ट्र में दुर्ग