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411 समाचार
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411 REFERENCE · Wikipedia

पलटू बाबू रोड

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पलटू बाबू रोड एक लघु उपन्यास है जिसके रचायिता फणीश्वर नाथ रेणु हैं। यह उपन्यास पटना से प्रकाशित मासिक पत्रिका 'ज्योत्स्ना' के दिसम्‍बर, 1959 से दिसम्‍बर, 1960 के अंकों में धारावाहिक रूप से छपा था। रेणु के निधन के बाद 1979 में पुस्तकाकार प्रकाशित हुआ। नई-नई कथाभूमियों की खोज करनेवाले रेणु 'पल्टू बाबू रोड' में एक क़स्बे को अपनी कथा का आधार बनाते हैं। वे कठोर, विकृत और ह्रासोन्मुख समाज को लेखकीय प्रखरता के साथ परखते हैं। इस उपन्यास में रेणु अपने गाँव-इलाक़े को छोड़कर बैरगाछी क़स्बे को कथाभूमि बनाते हैं। इस क़स्बे की नियति पल्टू बाबू जैसे काइयाँ, धूर्त, कामुक बूढ़े के हाथ में है। उसने क़स्बे के लिए ऐसी राह निर्मित की है जिस पर राजनीतिज्ञ, ठेकेदार, व्यापारी, वकील (पूरे क़स्बे के लोग ही) चल रहे हैं। लगता है, क़स्बावासी शतरंज के मोहरे हैं और पल्टू बाबू इनके संचालक। इस उपन्यास का लक्ष्य है उच्च वर्ग के अंतर्विरोधों, उसकी गिरावट, राजनीतिक और आर्थिक सम्‍बन्‍धों में यौन-व्यापार आदि का चित्रण। निम्न वर्ग छिटपुट आया है। आदर्शवादी पात्र विडम्बना से घिरे हैं। श्रेणी:उपन्यास श्रेणी:फणीश्वर नाथ रेणु