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411 समाचार
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411 REFERENCE · Wikipedia

एंटिओक

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अन्ताकिया Ἀντιόχεια अन्तिओक वर्तमान तुर्की में हाटे प्रांत मध्य पूर्व सेल्यूसस प्रथम निकेटर 300 ईसा पूर्व मध्यकाल हेलेनिस्टिक, रोमन, बीजान्टिन अवशेष सार्वजनिक हां अन्ताकिया प्राचीन सीरिया का एक महत्वपूर्ण नगर था, जिसकी स्थापना 300 ईसा पूर्व में सेल्यूसिड सम्राट सेल्युकस प्रथम निकेटर ने की थी। यह सेल्यूसिड साम्राज्य की राजधानी थी और बाद में रोमन तथा बीजान्टिन साम्राज्यों के दौरान भी एक प्रमुख नगर बना रहा। ईसाई धर्म के इतिहास में इस नगर का विशेष महत्व है, क्योंकि यहीं पर ईसा मसीह के अनुयायियों को पहली बार "ईसाई" कहा गया था। ऐतिहासिक पृष्ठभूमि अन्ताकिया यूनानी, रोमन और बीजान्टिन युग में एक समृद्ध नगर था। रोमन शासनकाल में, यह एक प्रमुख व्यापारिक, धार्मिक और सांस्कृतिक केंद्र बन गया था। सम्राट कॉन्स्टेंटाइन के शासनकाल में इस नगर ने ईसाई धर्म की ओर एक महत्वपूर्ण मोड़ लिया। चौथी शताब्दी में, जॉन क्राइसोस्टम ने यहाँ प्रचार किया और इस नगर को पूरी तरह ईसाई घोषित कर दिया।https://www.worldhistory.org/Antiochia/ Antioch Wasson Donald L. World History Encyclopedia en 2025-01-28 धार्मिक महत्व ईसाई धर्म में अन्ताकिया का एक विशेष स्थान है। निकिया की परिषद (325 ई.) ने इस नगर को रोमन, अलेक्ज़ान्द्रिया और यरूशलम के साथ ईसाई धर्म के चार मुख्य केंद्रों में स्थान दिया। चौथी शताब्दी में यहाँ पर मठवासी परंपरा फली-फूली, जिसमें स्तंभ-संन्यास और रेगिस्तानी तपस्वी परंपराएँ शामिल थीं।Kurian George Thomas Antioch 2011 https://onlinelibrary.wiley.com/doi/abs/10.1002/9780470670606.wbecc1559 The Encyclopedia of Christian Civilization John Wiley & Sons, Ltd en 10.1002/9780470670606.wbecc1559 978-0-470-67060-6 2025-01-28 चर्च और मिशनरी कार्य अन्ताकिया में कई प्रमुख चर्चों की स्थापना हुई, जिनमें सबसे प्रसिद्ध "ग्रेट चर्च" थी, जिसका निर्माण सम्राट कॉन्स्टेंटाइन और उनके पुत्र कॉन्स्टेंटियस ने करवाया था। यह नगर ईसाई धर्म के प्रसार का एक बड़ा केंद्र बन गया और यहाँ से मिशनरियों को अरब, भारत (मालाबार तट), अर्मेनिया, मेसोपोटामिया और फारस भेजा गया। अरब विजय और पतन 7वीं शताब्दी में, अन्ताकिया पर मुस्लिम अरबों का कब्जा हो गया, जिसके बाद यह नगर ईसाई धर्म के केंद्र के रूप में अपनी पूर्व प्रतिष्ठा पुनः प्राप्त नहीं कर सका। धीरे-धीरे यह व्यापार और राजनीतिक प्रभाव में गिरावट का शिकार हो गया। सांस्कृतिक योगदान अन्ताकिया को प्रारंभिक ईसाई धर्म के विकास में अग्रणी भूमिका निभाने का श्रेय दिया जाता है। इस नगर में विकसित "अन्ताकियाई धर्मशास्त्र" ने ईसाई धर्म में मसीह के मानव और दिव्य स्वभाव के मुद्दों पर गहन बहस को जन्म दिया।https://www.britannica.com/summary/Antioch-modern-and-ancient-city-south-central-Turkey History of Antioch Britannica www.britannica.com en 2025-01-28 निष्कर्ष अन्ताकिया प्राचीन विश्व का एक प्रमुख नगर था, जो धार्मिक, सांस्कृतिक और व्यापारिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण था। रोमन और बीजान्टिन काल में इसकी समृद्धि चरम पर थी, लेकिन अरब विजय के बाद यह धीरे-धीरे अपने पूर्व गौरव को खो बैठा। संदर्भ श्रेणी:शहर श्रेणी:प्राचीन शहर