Skip to main content

  | मौसम…

411 समाचार
Public archive edition · Attributed source reporting with original dates · AI drafts are excluded

411 REFERENCE · Wikipedia

शिव नाडार

Reference material by Wikipedia contributors. This retains its source identity and is not 411 news reporting.

शिव नाडार yes 1945 07 14Famous Indians of the 20th century Pustak Mahal Sharma Vishwamitra 2003 New Delhi 81-223-0829-5 220 मूलैपोळी गाँव, तूतीकोरीन जिला, तमिलनाडु, भारत नई दिली भारतीय एचसीएल टेक्नॉलोजीज के संस्थापक तथा अध्यक्ष]]एस एस एन इंजीनियरी महाविद्यालय के संस्थापक PSG College of Technology US$15.1 बिलियन (अप्रैल 2018)https://www.forbes.com/profile/shiv-nadar/?list=india-billionaires Mr Shiv Nadar Forbes 8 August 2017 https://web.archive.org/web/20170802003639/https://www.forbes.com/profile/shiv-nadar/?list=india-billionaires 2 अगस्त 2017 live शिवसुब्रमनियन नाडार वामासुन्दरी देवी किरण नाडार रोशनी नाडार मल्होत्रा पद्मभूषण (2008) शिव नाडार (சிவ நாடார்) भारत के प्रमुख उद्यमी एवं समाजसेवी हैं। वे एचसीएल टेक्नॉलोजीज के अध्यक्ष एवं प्रमुख रणनीति अधिकारी हैं। सन् २०१० में उनकी व्यक्तिगत सम्पत्ति ४.2 बिलियन अमेरिकी डालर के तुल्य है। उनको सन २००८ में भारत सरकार द्वारा उद्योग एवं व्यापार के क्षेत्र में पद्मभूषण से सम्मानित किया था। पाँच देशों में, 100 से ज्यादा कार्यालय, 30 हजार से ज्यादा कर्मचारी-अधिकारी और दुनिया भर के कंप्यूटर व्यवसायियों, उपभोक्ताओं का विश्वास - शिव नाडार अगर सबकी अपेक्षाओं पर खरे उतरते हैं, तो इसके केंद्र में उनकी मेहनत, योजना और सूझबूझ ही है। नादर ने अपना करियर पुणे में वॉलचंद ग्रुप कूपर इंजीनियरिंग के साथ शुरू किया. इसके बाद 1967 में उन्होंने सात साथियों के साथ मिलकर माइक्रोकॉप कंपनी बनाई और उसे बाद में टेलीडिजिटल कैलकुलेटर को बेच दियाhttps://www.aajtak.in/education/story/know-all-about-shiv-nadar-an-indian-industrialist-founder-and-chairman-of-hcl-and-shiv-nadar-foundation-305404-2015-07-14 जानिए उद्योगपति शिव नादर के बारे में 10 बातें आज तक hindi 2022-06-03 | 2008 में उन्हें आईटी के क्षेत्र में उनके योगदान के लिए पद्म भूषण से भी सम्मानित किया गया. यही नहीं मद्रास यूनिवर्सिटी ने उन्हें डॉक्टरेट की उपाधि भी दी https://www.aajtak.in/education/story/know-all-about-shiv-nadar-an-indian-industrialist-founder-and-chairman-of-hcl-and-shiv-nadar-foundation-305404-2015-07-14 जानिए उद्योगपति शिव नादर के बारे में 10 बातें आज तक hindi 2022-06-03| परिचय अगस्त 1976 में एक गैरेज में उन्होंने एचसीएल इंटरप्राइजेज की स्थापना की, तो 1991 में वे एचसीएल टेक्नोलॉजी के साथ बाजार में एक नए रूप में हाजिर हुए। पिछले तीन दशक में भारत में तकनीकी कंपनियों की बाढ़-सी आ गई है, लेकिन एचसीएल को उत्कर्ष तक ले जाने के पीछे शिव नाडार का नेतृत्व ही प्रमुख है। नाडार की कंपनी में बड़े पद तक पहुंचना भी आसान नहीं होता। शिव ने एक बार कहा था, मैं नेतृत्व के अवसर नहीं देता, बल्कि उन लोगों पर निगाह रखता हूं, जो कमान संभाल सकते हैं। कुछ साल पहले फो‌र्ब्स की सूची में शामिल धनी भारतीयों में से एक, नाडार 1976 तक दिल्‍ली  की डीसीएम कंपनी में काम करते थे। उन्होंने अपने साथ के छह लोगों को प्रेरणा दी, क्यों न एक कंपनी खोली जाए, जो ऑफिस इक्विपमेंट्स बनाए। बाकी स्‍टार्टअप्‍स की तरह ही इस काम के लिए फंड जुटाने की थी. तब तक शिव नादर माइक्रोकॉम्‍प के नाम से अपनी एक कंपनी बना चुके थे. शिव ने ये कंपनी बेची और इससे जो पैसा मिला उससे HCL शुरू करने में इन्‍वेस्‍ट कियाhttps://www.aajtak.in/education/story/hcl-shiv-nadar-startup-unknown-facts-friends-458979-2017-07-14 शिव नादर ने कैंटीन में बनाया था HCL खोलने का प्लान, ऐसे जुटाया था फंड आज तक hindi 2022-06-03. सभी फाउंडर्स ने मिलकर 20 लाख रुपए जुटाए और कंपनी शुरू कर दी |4फलत: 1976 में एचसीएल की नींव पड़ी। 1982 में जब आईबीएम ने एचसीएल को कंप्यूटर मुहैया कराना बंद कर दिया, तब नाडार और उनके साथियों ने पहला कंप्यूटर भी बना लिया। फिलहाल, हालत यह है कि एचसीएल की 80 फीसदी आमदनी कंप्यूटर और ऑफिस इक्विपमेंट्स से ही होती है। फरवरी 1987 में चर्चित पत्रिका 'टाइम' ने लिखा था, पूरी दुनिया नाडार की सोच और भविष्य के लिए तैयार किए गए नेटवर्क को देखकर आश्चर्यचकित और मुग्ध है। दरअसल, नाडार का साम्राज्य अर्थशास्त्र और शासन को नई परिभाषा देने वाला है। वैसे, तकरीबन तीन दशक पहले जब नाडार ने कंपनी स्थापित की थी, तो यह एक दांव की तरह ही था। तमिलनाडु में पहले नौकरी छोड़ना और बाद में दिल्ली में क्लॉथ मिल की जमी-जमाई जॉब को भी ठोकर मार देना..ऐसा साहस नाडार ही कर सकते थे, लेकिन वे न सिर्फ कामयाब हुए, बल्कि उन्होंने साथियों और निवेशकों का भरोसा भी जीता। मधुरभाषी नाडार बताते हैं, पिछले तीन-चार दशक में मैंने देखा है कि आईटी इंडस्ट्री का काफी विकास हुआ है। खासकर, हार्डवेयर, सॉफ्टवेयर, सर्विसेज, सॉल्यूशंस, नेटवर्किग, कम्युनिकेशन, इंटरनेट और आईटी इन्फ्रॉस्ट्रक्चर की दिशा में काफी संभावनाएं बढ़ी हैं। मैंने समय रहते अवसर पहचान लिया और इसीलिए कामयाब भी हुआ। 2021 में HCL Technologies के संस्थापक शिव नादर ने कंपनी के प्रबंध निदेशक (एमडी) के पद से इस्तीफा दे दिया है | अब वह कंपनी के बोर्ड के स्ट्रैटिजिक एडवाइजर और मानद चेयरमैन हैhttps://www.aajtak.in/business/news/story/shiv-nadar-steps-down-as-md-of-hcl-technologies-appointed-chairman-emeritus-tutk-1294234-2021-07-20 शिव नादर अब होंगे HCL के मानद चेयरमैन, एमडी का पद छोड़ा आज तक hindi 2022-06-03 | जानिए उद्योगपति शिव नादर के बारे में 10 बातें | बाहरी कड़ियाँ एचसीएल के शिव नादर समाजसेवा में देंगे 10% संपत्ति ज्ञान गंगा के लिए 585 करोड़ दान देंगे HCL के शिव नादर खोलेंगे विश्वविद्यालय श्रेणी:२००८ पद्म भूषण