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411 समाचार
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411 REFERENCE · Wikipedia

गिरि दण्डसेना

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साँचा:लघु विवरण गिरि दण्डसेना (29 दिसंबर 1949 – 24 अगस्त 2026) भारतीय ओड़िआ साहित्य के लेखक, कथाकार और स्तंभकार थे। वे ओडिशा साहित्य अकादमी के उपाध्यक्ष रहे और सुंदरगढ़ क्षेत्र के साहित्य तथा इतिहास से संबंधित लेखन के लिए जाने जाते थे। ओडिशा सरकार के सुंदरगढ़ जिला गजेटियर में उन्हें जिले के प्रमुख साहित्यिक व्यक्तित्वों में शामिल किया गया है। गजेटियर के अनुसार उन्होंने 18 मई 2011 से 8 फरवरी 2015 तक ओडिशा साहित्य अकादमी के उपाध्यक्ष के रूप में कार्य किया और वे दैनिक समाचार-पत्रों में उल्लेखनीय स्तंभकार थे। दण्डसेना की प्रमुख कृतियों में कालसूत्र, ओडिशी ओडिशी, भूमिगर्भ, रास्ता कड़ारे जीवन और सुंदरगढ़ इतिहास शामिल हैं। == जीवन और साहित्यिक कार्य == गिरि दण्डसेना का जन्म 29 दिसंबर 1949 को हुआ था। उन्होंने ओड़िआ भाषा में कहानी, गद्य और स्तंभ लेखन किया। सुंदरगढ़ जिला गजेटियर में उन्हें जिले के प्रमुख साहित्यकारों में शामिल करते हुए दैनिक समाचार-पत्रों का उल्लेखनीय स्तंभकार बताया गया है। गजेटियर में उनकी कृतियों में कालसूत्र और रास्ता कड़े जीवन का उल्लेख किया गया है। दण्डसेना कहानी लेखन के लिए भी जाने जाते थे। ओड़िआ साहित्य की साहित्यिक पत्रिका ओड़िआ साहित्य में प्रकाशित उनकी कहानी दारुभूत के परिचय में उन्हें सुंदरगढ़ के एक विशिष्ट कथाकार के रूप में प्रस्तुत किया गया है। उसी परिचय के अनुसार वे सामान्य ओड़िआ के साथ-साथ पश्चिमी ओडिशा की क्षेत्रीय भाषा में भी कहानियाँ लिखते थे। उनकी रचनात्मक गतिविधियाँ सुंदरगढ़ के साहित्यिक वातावरण से भी जुड़ी थीं। ओड़िआ साहित्य में प्रकाशित परिचय के अनुसार वे सुंदरगढ़ जिले के विभिन्न साहित्यिक संगठनों से जुड़े रहे और ओड़िआ भाषा एवं साहित्य के विकास के लिए कार्य करते रहे। == प्रमुख कृतियाँ == दण्डसेना की प्रकाशित कृतियों में निम्नलिखित का उल्लेख मिलता है: कालसूत्र ओडिशी ओडिशी भूमिगर्भ रास्ता कड़ारे जीवन अनार्य दास सुंदरगढ़ इतिहास उनके निधन के बाद प्रकाशित समाचार रिपोर्टों में कालसूत्र, ओडिशी ओडिशी, भूमिगर्भ, रास्ता कड़ारे जीवन और सुंदरगढ़ इतिहास को उनकी प्रमुख कृतियों में गिना गया। उनकी पुस्तक सुंदरगढ़ इतिहास सुंदरगढ़ क्षेत्र के इतिहास और विरासत से संबंधित थी। 2026 में उनके निधन के बाद प्रकाशित रिपोर्टों में इसे उनके चर्चित कार्यों में शामिल किया गया और इसे सुंदरगढ़ के इतिहास, विरासत तथा सांस्कृतिक परंपरा के दस्तावेजीकरण से जोड़ा गया। ओरिस्सा पोस्ट के अनुसार उनकी प्रकाशित कृतियों में कालसूत्र, भूमिगर्भ, रास्ता कड़ारे जीवन और अनार्य दास नामक कहानी-संग्रह तथा सुंदरगढ़ इतिहास नामक ऐतिहासिक पुस्तक शामिल थी। == ओडिशा साहित्य अकादमी == दण्डसेना ने 18 मई 2011 से 8 फरवरी 2015 तक ओडिशा साहित्य अकादमी के उपाध्यक्ष के रूप में कार्य किया। यह अवधि ओडिशा सरकार के सुंदरगढ़ जिला गजेटियर में दर्ज है। अकादमी के उपाध्यक्ष के रूप में वे इसके विभिन्न साहित्यिक कार्यक्रमों में भाग लेते रहे। 2013 में ओड़िआ साहित्यिक पत्रिकाओं के संपादकों के सम्मेलन और परिचर्चा में उन्होंने अकादमी के उपाध्यक्ष के रूप में भाग लिया था। 2014 में ओड़िआ नाटककार प्राणबन्धु कर की जन्मशती के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में भी दण्डसेना ने भाग लिया। द न्यू इंडियन एक्सप्रेस ने उन्हें उस कार्यक्रम में उपस्थित साहित्यिक व्यक्तित्वों में शामिल किया था। == सम्मान == 2018 में ओडिशा साहित्य अकादमी द्वारा आयोजित एक सम्मान समारोह में दण्डसेना सहित 15 वरिष्ठ साहित्यकारों को उनके साहित्यिक योगदान के लिए सम्मानित किया गया। उसी समारोह में प्रसिद्ध कवि रमाकांत रथ को 2018 का अतिबड़ी जगन्नाथ दास सम्मान प्रदान किया गया था। समारोह से संबंधित एक अन्य रिपोर्ट में भी दण्डसेना का नाम उन 15 साहित्यकारों में दिया गया है जिन्हें जीवनपर्यंत साहित्यिक साधना के लिए सम्मानित किया गया था। == सुंदरगढ़ के साहित्य और इतिहास से संबंध == दण्डसेना का साहित्यिक कार्य सुंदरगढ़ और पश्चिमी ओडिशा के सामाजिक एवं सांस्कृतिक परिवेश से निकटता से जुड़ा था। जिला गजेटियर उन्हें सुंदरगढ़ के प्रमुख साहित्यिक व्यक्तित्वों में शामिल करता है और उनकी स्तंभ लेखन की गतिविधि तथा कालसूत्र और रास्ता कड़े जीवन जैसी कृतियों का उल्लेख करता है। उनकी रचना सुंदरगढ़ इतिहास ने क्षेत्र के इतिहास और सांस्कृतिक विरासत के लेखन में उनकी विशेष पहचान बनाई। उनके निधन के बाद प्रकाशित रिपोर्टों ने इस कृति को उनके प्रमुख कार्यों में शामिल किया। == निधन == गिरि दण्डसेना का 24 अगस्त 2026 को बुर्ला, ओडिशा के एक निजी अस्पताल में उपचार के दौरान निधन हुआ। वे लंबे समय से अस्वस्थ थे और निधन से लगभग पाँच दिन पहले उनकी स्थिति गंभीर होने के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था। == संदर्भ == == बाहरी कड़ियाँ == सुंदरगढ़ जिला गजेटियर Archived 2026-04-06 at the वेबैक मशीन — ओडिशा सरकार