411 REFERENCE · Wikipedia
1: नेनोक्कादीन
Reference material by Wikipedia contributors. This retains its source identity and is not 411 news reporting.
शैली और ससंजन दिसम्बर 2025
1: नेनोक्कादीन नाट्य विमोचन पोस्टर सुकुमार सुकुमार जक्का हरिप्रसाद सुकुमार
yes yes
Dialogue by
अर्जुन वाई. के.थोटा श्रीनिवास महेश बाबुकृति सनोन आर. रत्नवेलु कार्तिक श्रीनिवास देवी श्री प्रसाद 14 रील्स एंटरटेनमेंट इरोस इंटरनेशनल yes 2014 1 10 "rel" /> 177 मिनट (नाट्यशाला का रूप) 157 मिनट (छँटा हुआ संस्करण) भारत तेलुगू 60–70 croreShivakumar S. 16 May 2014 Painting magic http://www.thehindu.com/todays-paper/tp-features/tp-fridayreview/painting-magic/article6013492.ece https://web.archive.org/web/20140607132025/http://www.thehindu.com/todays-paper/tp-features/tp-fridayreview/painting-magic/article6013492.ece 7 June 2014 18 January 2016 द हिन्दू
1: नेनोक्कादीन (अर्थात्: मैं अकेला हूँ) 2014 की एक भारतीय तेलुगु-भाषा की मनोवैज्ञानिक एक्शन थ्रिलर फिल्म है, जिसका निर्देशन सुकुमार ने किया है। यह फिल्म 14 रील्स एंटरटेनमेंट के बैनर तले निर्मित हुई और ईरोस इंटरनेशनल द्वारा वितरित की गई। इसमें मुख्य भूमिकाओं में महेश बाबू और कृति सेनन (उनकी पहली फिल्म) हैं। सहायक भूमिकाओं में नास्सर, प्रदीप रावत और केली दोर्जी शामिल हैं।https://www.india.com/entertainment/meet-actress-who-started-her-career-with-mahesh-babu-at-24-played-a-surrogate-mom-at-31-is-a-national-award-winner-her-name-is-7971878/ Meet actress who started her career with Mahesh Babu at 24, played a surrogate mom at 31, is a National Award winner, her name is.... www.india.com en 2025-10-02
कहानी गौतम नामक एक रॉक संगीतकार के इर्द-गिर्द घूमती है, जो स्किज़ोफ्रेनिया (मनोविकृति) से पीड़ित है और जिसके मस्तिष्क का 25% ग्रे मैटर गायब है। वह अपनी पत्रकार प्रेमिका समीर की मदद से अपने माता-पिता को खोजने की यात्रा पर निकलता है।
निर्माण
सुकुमार ने 2011 की अपनी फिल्म 100% लव पूरी करने के बाद इस फिल्म की पटकथा पर काम शुरू किया। कहानी की प्रेरणा उन्हें एक बस ड्राइवर की उस घटना से मिली जिसमें एक बच्चा दावा करता है कि उसके माता-पिता की हत्या बस में कर दी गई थी।
फिल्म की सिनेमैटोग्राफी आर. रत्नवेलु ने की और संपादन कार्तिका श्रीनिवास ने। संगीत देवी श्री प्रसाद द्वारा दिया गया। फिल्म की मुख्य शूटिंग अप्रैल 2012 से शुरू हुई और अक्टूबर 2013 तक चली। फिल्मांकन लंदन, बेलफास्ट, बैंकॉक तथा भारत के हैदराबाद, मुंबई, गोवा, चेन्नई और बैंगलोर सहित कई स्थानों पर किया गया। लगभग ₹60–70 करोड़ के बजट पर बनी यह फिल्म उस समय तक की सबसे महंगी तेलुगु फिल्म थी।https://www.123telugu.com/reviews/review-1-nenokkadine-too-complex-for-common-man.html Review : 1 – Nenokkadine – Too Complex for Common Man 123telugu 2014-01-13 en-US 2025-10-02
प्रदर्शन
फिल्म का प्रदर्शन 10 जनवरी 2014 को संक्रांति त्योहार के अवसर पर लगभग 1,500 सिनेमाघरों में किया गया। रिलीज़ के बाद फिल्म को मिश्रित समीक्षाएँ मिलीं। संगीत, छायांकन, एक्शन दृश्य और महेश बाबू के अभिनय की व्यापक सराहना हुई, लेकिन जटिल पटकथा और लंबाई की आलोचना की गई।https://www.thehindu.com/features/cinema/cinema-reviews/1nenokkadine-games-the-mind-can-play/article5562253.ece 1-Nenokkadine: Games the mind can play 2014-01-10 The Hindu 2025-10-02 en-IN 0971-751X https://web.archive.org/web/20210111161344/https://www.thehindu.com/features/cinema/cinema-reviews/1nenokkadine-games-the-mind-can-play/article5562253.ece 11 जनवरी 2021 dead
बॉक्स ऑफिस पर यह फिल्म वाणिज्यिक रूप से असफल रही। हालांकि, समय के साथ इसे पुनर्मूल्यांकित किया गया और इसकी अनोखी कथा शैली और तकनीकी उत्कृष्टता के कारण इसे कल्ट फॉलोइंग प्राप्त हुई। इसे महेश बाबू की सर्वश्रेष्ठ फिल्मों में से एक माना जाता है और फिल्म कम्पैनियन की सूची "दशक की 25 सर्वश्रेष्ठ तेलुगु फिल्मों" में भी शामिल किया गया।
पुरस्कार
4वें साउथ इंडियन इंटरनेशनल मूवी अवार्ड्स (SIIMA) में 8 नामांकन से 3 पुरस्कार प्राप्त।
11वें सिनेमा अवार्ड्स में 2 पुरस्कार प्राप्त।
कथा
गौतम एक स्किज़ोफ्रेनिक रॉक संगीतकार है जिसके मस्तिष्क का 25% हिस्सा गायब है। वह बार-बार किसी रहस्यमयी व्यक्ति की कल्पना करता है जिसे वह अपने माता-पिता का हत्यारा मानता है। बचपन से ही उसे विश्वास था कि वह अनाथ है और उसके माता-पिता मर चुके हैं, लेकिन उसे उनके नाम और चेहरे याद नहीं हैं।
एक कॉन्सर्ट के दौरान गौतम को उन तीन हत्यारों में से एक दिखाई देता है और वह उसका पीछा करता है। वहीं मौजूद पत्रकार समीर उसका वीडियो रिकॉर्ड कर लेती है। गौतम उस व्यक्ति की हत्या का दावा करते हुए पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर देता है और स्वीकार करता है कि उसने तीन अलग-अलग शहरों — बेलफास्ट, पुणे और हैदराबाद में हत्याएँ की हैं। हालांकि, समीर द्वारा उसका वीडियो प्रसारित करने के बाद यह स्पष्ट होता है कि गौतम का प्रतिद्वंदी केवल उसकी भ्रमित कल्पना (hallucination) था।
संदर्भ