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आंध्र प्रदेश मंत्रिपरिषद
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आन्ध्र प्रदेश मंत्रिपरिषद नवम्बर 2024
आंध्र प्रदेश मंत्रिपरिषद आंध्र प्रदेश राष्ट्र मंत्री मंडली 350 Seat of Government अमरावती Governor सैयद अब्दुल नजीर Chief Minister नारा चंद्रबाबू नायडू Deputy Chief Minister पवन कल्याण Chief Secretary नीरभ कुमार प्रसाद Assembly Andhra Pradesh State Assembly Speaker चिंताकायला अय्यन्ना पात्रु Members in Assembly 175 Council Andhra Pradesh Legislative Council Chairman कोये मोशेनु राजू ज़किया खानम Members in Council 58
आंध्र प्रदेश मंत्रिपरिषद निर्वाचित विधायी सदस्य हैं, जिन्हें आंध्र प्रदेश सरकार की कार्यकारी शाखा बनाने के लिए आंध्र प्रदेश के राज्यपाल द्वारा मंत्री के रूप में नियुक्त किया जाता है। वे आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री द्वारा तय किए गए विभिन्न विभागों को संभालते हैं। 2024 के आंध्र प्रदेश विधान सभा चुनाव के बाद सबसे हालिया राज्य मंत्रिपरिषद का नेतृत्व एन. चंद्रबाबू नायडू कर रहे हैं। प्रत्येक कार्यकारी शाखा का कार्यकाल पाँच वर्ष का होता है।
मंत्रिपरिषद को प्रत्येक मंत्रालय से जुड़े विभागीय सचिवों द्वारा सहायता प्रदान की जाती है जो की एक आई ए एस कैडर से होते हैं। सरकार की ओर से आदेश जारी करने के लिए जिम्मेदार मुख्य कार्यकारी अधिकारी राज्य सरकार का मुख्य सचिव होता है।
संवैधानिक आवश्यकता
राज्यपाल को सहायता और सलाह देने के लिए मंत्रिपरिषद के लिए
भारतीय संविधान के अनुच्छेद 163 के अनुसार,
राज्यपाल को उसके कार्य के निर्वहन में सहायता और सलाह देने के लिए मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में एक मंत्रिपरिषद होगी, इस संविधान के तहत राज्यपाल को अपने कार्यों या उनमें से किसी का प्रयोग अपने विवेक से करने की आवश्यकता होती है।
यदि कोई प्रश्न उठता है कि कोई मामला ऐसा है या नहीं जिसके संबंध में राज्यपाल को इस संविधान के तहत या उसके द्वारा अपने विवेक से कार्य करना अपेक्षित है, तो राज्यपाल का अपने विवेक से लिया गया निर्णय अंतिम होगा, तथा राज्यपाल द्वारा किए गए किसी भी कार्य की वैधता इस आधार पर प्रश्नगत नहीं की जाएगी कि उसे अपने विवेक से कार्य करना चाहिए था या नहीं। यह प्रश्न कि क्या मंत्रियों ने राज्यपाल को कोई सलाह दी थी, और यदि दी थी, तो क्या, किसी न्यायालय में नहीं पूछा जाएगा। इसका अर्थ है कि मंत्री राज्यपाल की इच्छा के अधीन कार्य करते हैं तथा वह उन्हें मुख्यमंत्री की सलाह पर, जब भी चाहें, हटा सकते हैं। मुख्यमंत्री की नियुक्ति राज्यपाल द्वारा की जाएगी तथा अन्य मंत्रियों की नियुक्ति राज्यपाल द्वारा मुख्यमंत्री की सलाह पर की जाएगी, तथा मंत्री राज्यपाल की इच्छा पर पद धारण करेंगे: बशर्ते कि बिहार, मध्य प्रदेश तथा उड़ीसा राज्यों में जनजातीय कल्याण का प्रभारी मंत्री होगा, जो अनुसूचित जातियों तथा पिछड़े वर्गों के कल्याण या किसी अन्य कार्य का भी प्रभारी हो सकता है। # मंत्रिपरिषद सामूहिक रूप से राज्य की विधान सभा के प्रति उत्तरदायी होगी।
किसी मंत्री के पदभार ग्रहण करने से पहले राज्यपाल उसे तीसरी अनुसूची में इस प्रयोजन के लिए निर्धारित प्रपत्रों के अनुसार पद और गोपनीयता की शपथ दिलाएगा।
कोई मंत्री जो लगातार छह महीने की अवधि तक राज्य विधानमंडल का सदस्य नहीं है, उस अवधि की समाप्ति पर मंत्री नहीं रहेगा।
मंत्रियों के वेतन और भत्ते ऐसे होंगे जो राज्य विधानमंडल समय-समय पर कानून द्वारा निर्धारित करेगा और जब तक राज्य विधानमंडल ऐसा निर्धारित नहीं करता, तब तक वे दूसरी अनुसूची में निर्दिष्ट होंगे।
मुख्यमंत्री
मुख्य लेख: आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्रियों की सूची
center|thumb|200x200px| एन. चंद्रबाबू नायडू (आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री)
किसी भी भारतीय राज्य की तरह, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री सरकार के वास्तविक मुखिया हैं और राज्य प्रशासन के लिए जिम्मेदार हैं। वे विधानमंडल में संसदीय दल के नेता हैं और राज्य मंत्रिमंडल के प्रमुख भी हैं।
उपमुख्यमंत्री
मुख्य लेख: आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्रियों की सूची
center|thumb|200x200px| पवन कल्याण (आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री)
राज्य मंत्रिमंडल
भारतीय संविधान के अनुसार, राज्य सरकार के सभी विभाग मुख्यमंत्री के पास होते हैं, जो अलग-अलग विभागों को अलग-अलग मंत्रियों को वितरित करते हैं, जिन्हें वे राज्य के राज्यपाल को नामित करते हैं। राज्य के राज्यपाल मुख्यमंत्री की सलाह के अनुसार विभिन्न विभागों और विभागों के लिए अलग-अलग मंत्रियों की नियुक्ति करते हैं और साथ मिलकर राज्य मंत्रिमंडल बनाते हैं। चूंकि मूल विभाग मुख्यमंत्री के पास होते हैं, जो अपनी इच्छा से दूसरों को सौंपते हैं, इसलिए व्यक्तिगत मंत्रियों के कार्य राज्य मंत्रिमंडल की सामूहिक जिम्मेदारी का हिस्सा होते हैं और मुख्यमंत्री प्रत्येक मंत्री के कार्यों के लिए जिम्मेदार होते हैं। मुख्यमंत्री के साथ राज्य मंत्रिमंडल सामान्य नीति और व्यक्तिगत विभाग नीति तैयार करता है, जो प्रत्येक मंत्री के दिन-प्रतिदिन के प्रशासन के लिए मार्गदर्शक नीति होगी।
सन्दर्भ
श्रेणी:आन्ध्र प्रदेश सरकार