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411 समाचार
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411 REFERENCE · Wikipedia

रिले

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thumb|right| चार अलग-अलग प्रकार के रिले right|thumb|250px|रिले को चलाने वाले परिपथ रिले एक विद्युत स्विच या कुंजी है जो एक दूसरे विद्युत परिपथ के द्वारा खोली या बंद की जाती है जो कि मुख्य परिपथ से असम्बद्ध (आइसोलेटेड) होती है। रिले की एक या एक से अधिक कुंजियाँ एक विद्युत चुम्बक की सहायता से बंद या चालू होती हैं। रिले को भी एक सामान्यीकृत विद्युत प्रवर्धक (अम्प्लिफ़ायर) माना जा सकता है क्योंकि कम शक्ति वाले परिपथ की सहायता से एक अपेक्षाकृत अधिक शक्ति वाले परिपथ को नियंत्रित किया जाता है। कान्टैक्टर भी रिले के सिद्धांत पर ही काम करता है किन्तु प्राय: १५ अम्पीयर से अधिक धारा वाले कान्टेक्ट को बंद/चालू करने के लिए प्रयुक्त होता है उपयोग रिले विद्युतचुम्बकीय युक्ति है जो निम्नलिखित कार्यों के लिए प्रयोग में लायी जा सकती है : एक ही नियंत्रण परिपथ द्वारा एक से अधिक परिपथों को बंद या चालू करना, कम शक्ति (पावर) खर्च करके अपेक्षाकृत बहुत अधिक विद्युत शक्ति को नियंत्रित करना, किसी परिपथ से विद्युतीय रूप से बिना जुड़े हुए भी (आइसोलेटेड रहकर) उसे नियंत्रित करने में सक्षम होना। कार्य करने का सिद्धान्त right|thumb| रिले के कार्य करने का सिद्धांत प्रत्येक रिले में एक चुम्बकीय परिपथ होता है जिसका एक बड़ा भाग लौहचुम्बकीय पदार्थ से बना होता है तथा एक छोटा सा भाग में फ्लक्स हवा से होकर गुजरने को बाध्य होती है जिसे 'एअर-गैप' कहते हैं। जब रिले के कुण्डली में विद्युत धारा प्रवाहित की जाती है तो इस एअर-गैप के दोनों सिरों के बीच एक बल कार्य करता है जो इस गैप को कम करने की कोशिश करता है। रिले के चुम्बकीय परिपथ की रचना इस प्रकार की गयी होती है कि इसमे एक लाचीलेदार लौहचुम्बकीय भाग बी रहता है। रिले की कुनादाली (क्वायल) को धारा देने पर यह लाचीलेदार भाग खींच लिया जाता है। इस भाग से ही यांत्रिक लिंक बनाते हुए 'चलायमान सम्पर्क' (मूवेबल कान्टेक्ट) होते हैं जो कि बंद या खुल जाते हैं। center|550px|thumb| रिले के कार्य का चल-प्रदर्शन (एनिमेश्न) रिले के प्रकार अंगूठाकार|विभिन्न प्रकार के रिले और उनके प्रतीक कार्य सिद्धान्त के आधार पर विद्युतचुम्बकीय रिले, तथा अर्धचालक आधारित रिले (सेमीकण्डटर रिले या ठोस अवस्था रिले (सॉलिड-स्टेट रिले) पोलों की संख्या के अनुसार एक पोल, दो पोल या अधिक पोल वाले रिले सम्पर्क (कान्टेक्ट) आमतौर पर चालू (NC) रह सकते हैं या बंद (NO) क्वायल के अनुसार''' 5 V डीसी, 12 V डीसी, या 24 V डीसी आदि से चलने वाली 110V एसी, या 220 V एसी आदि से चलने वाली इन्हें भी देखें कान्टैक्टर (Contactor) रक्षी रिले (protective relay) ठोस अवस्था रिले रिले कक्ष|center|550px बाहरी कड़ियाँ रिले के बारे में जानकारी तथा लैच होने वाली रिले का परिपथ Example of the circuitry within a solid state relay Solid state relay -- heat sink and thermal considerations "Harry Porter's Relay Computer", a computer made out of relays. "Relay Computer Two", by Jon Stanley. Interfacing Relay To Microcontroller. श्रेणी:विद्युत श्रेणी:नियंत्रण