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411 समाचार
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दवा के प्रतिकूल प्रभाव

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प्रतिकूल औषध प्रतिक्रिया (ADR) दवा के प्रतिकूल प्रभाव, दवा का रिएक्शन Drugreaction.jpg औषध विज्ञान (Pharmacology), विषविज्ञान (Toxicology) त्वचा पर चकत्ते, मतली, सिरदर्द, तीव्र एलर्जी (Anaphylaxis) दवा की अधिक खुराक, दवाओं का परस्पर प्रभाव, आनुवंशिक कारक औषध-सतर्कता (Pharmacovigilance), सटीक नैदानिक परीक्षण प्रतिकूल औषध प्रतिक्रिया (Adverse drug reaction, संक्षेप में ADR), जिसे सामान्य बोलचाल में दवा के प्रतिकूल प्रभाव या 'दवा का रिएक्शन' कहा जाता है, किसी भी औषधीय उत्पाद या दवा के उपयोग के बाद होने वाला एक अवांछित, हानिकारक और अप्रिय प्रभाव है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार, यह एक ऐसी प्रतिक्रिया है जो मनुष्यों में बीमारी की रोकथाम, निदान या उपचार के लिए सामान्य रूप से उपयोग की जाने वाली खुराकों पर उत्पन्न होती है। यह चिकित्सा विज्ञान का एक अत्यंत गंभीर विषय है, क्योंकि इसके कारण अस्पताल में भर्ती होने वाले मरीजों की संख्या और स्वास्थ्य सेवा के खर्चों में भारी वृद्धि होती है।https://www.who.int/news-room/fact-sheets/detail/pharmacovigilance Pharmacovigilance World Health Organization (WHO)10 June 1996 1. Glossary https://ichgcp.net/1-glossary Guideline For Good Clinical Practice International Conference on Harmonisation of Technical Requirements for Registration of Pharmaceuticals for Human Use May 28, 2019 Adverse Drug Reaction (Code C142385) https://evsexplore.semantics.cancer.gov/evsexplore/concept/ncit/C142385 Enterprise Vocabulary Services National Cancer Institute दुष्प्रभाव और प्रतिकूल औषध प्रतिक्रिया में अंतर अक्सर लोग 'दुष्प्रभाव' और 'प्रतिकूल औषध प्रतिक्रिया' का उपयोग एक ही अर्थ में करते हैं, लेकिन चिकित्सकीय दृष्टिकोण से इनमें सूक्ष्म अंतर है। एक दुष्प्रभाव दवा के मुख्य औषधीय प्रभाव के अलावा कोई भी अन्य प्रभाव हो सकता है (जो कभी-कभी फायदेमंद भी हो सकता है)। इसके विपरीत, एक प्रतिकूल प्रतिक्रिया विशेष रूप से हानिकारक और अवांछित ही होती है, जिससे मरीज को शारीरिक या मानसिक नुकसान पहुँचता है।Edwards I. R. Aronson J. K. Adverse drug reactions: definitions, diagnosis, and management https://archive.org/details/sim_the-lancet_2000-10-07_356_9237/page/1255 The Lancet 356 9237 2000 1255-1259 10.1016/S0140-6736(00)02799-9 प्रतिकूल औषध प्रतिक्रिया के प्रकार (वर्गीकरण) चिकित्सा विज्ञान में दवा के प्रतिकूल प्रभावों को मुख्य रूप से दो श्रेणियों में बांटा गया है: टाइप ए (ऑगमेंटेड): ये दवा की खुराक पर निर्भर होते हैं। ये अनुमानित होते हैं और उस दवा की ज्ञात कार्यप्रणाली से जुड़े होते हैं। उदाहरण के लिए, रक्त पतला करने वाली दवा लेने से अत्यधिक रक्तस्राव होना। टाइप बी (बिज़ारे): ये खुराक पर निर्भर नहीं होते हैं और पूरी तरह से अप्रत्याशित होते हैं। ये किसी व्यक्ति की प्रतिरक्षा प्रणाली या आनुवंशिक बनावट के कारण होते हैं। इसका सबसे प्रमुख उदाहरण पेनिसिलिन जैसी एंटीबायोटिक दवाओं से होने वाली जानलेवा एलर्जी या 'एनाफिलेक्सिस' है।Bates David W. Meyler's Side Effects of Drugs: The International Encyclopedia of Adverse Drug Reactions and Interactions Elsevier 2015 978-0444537171 16th 45-48 मुख्य कारण और जोखिम कारक प्रतिकूल औषध प्रतिक्रियाएं किसी को भी हो सकती हैं, लेकिन कुछ कारकों के कारण इसका जोखिम काफी बढ़ जाता है: बहु-औषध चिकित्सा: जब कोई मरीज (विशेषकर बुजुर्ग) एक ही समय में कई अलग-अलग बीमारियों के लिए दवाइयाँ ले रहा होता है, तो दवाइयों के आपस में टकराने का ख़तरा बहुत बढ़ जाता है। आयु: छोटे बच्चों और बुजुर्गों का शरीर दवाओं को पचाने और बाहर निकालने में वयस्कों जितना सक्षम नहीं होता, जिससे प्रतिक्रिया का जोखिम बढ़ जाता है। यकृत और गुर्दे की बीमारियां: चूंकि अधिकांश दवाइयाँ लिवर द्वारा तोड़ी जाती हैं और किडनी द्वारा शरीर से बाहर निकाली जाती हैं, इन अंगों की विफलता से दवा का स्तर शरीर में विषाक्त हो सकता है।Lazarou J. Pomeranz B. H. Corey P. N. Incidence of Adverse Drug Reactions in Hospitalized Patients: A Meta-analysis of Prospective Studies https://archive.org/details/sim_jama_1998-04-15_279_15/page/n89 JAMA 279 15 1998 1200-1205 10.1001/jama.279.15.1200 औषध-सतर्कता दवाओं के प्रतिकूल प्रभावों का पता लगाने, उनका आकलन करने और उन्हें रोकने के विज्ञान को औषध-सतर्कता कहा जाता है। 1960 के दशक की भयानक 'थैलिडोमाइड त्रासदी'- जिसमें एक दवा के कारण हजारों बच्चे जन्मजात विकृतियों के साथ पैदा हुए थे-के बाद पूरी दुनिया में दवा सुरक्षा कानूनों को सख्त कर दिया गया। आज भारत में 'सेंट्रल ड्रग्स स्टैंडर्ड कंट्रोल ऑर्गनाइजेशन' और विश्व स्तर पर WHO इस दिशा में निरंतर निगरानी करते हैं।Talbot John Waller Patrick Stephens' Detection and Evaluation of Adverse Drug Reactions 2011 https://archive.org/details/stephensdetectio0000unse_y6x4 सन्दर्भ बाहरी कड़ियाँ भारतीय फार्माकोपिया आयोग (IPC) - औषध-सतर्कता कार्यक्रम श्रेणी:विषविज्ञान श्रेणी:चिकित्सा शब्दावली