Skip to main content

  | मौसम…

411 समाचार
Public archive edition · Attributed source reporting with original dates · AI drafts are excluded

411 REFERENCE · Wikipedia

मालपुआ

Reference material by Wikipedia contributors. This retains its source identity and is not 411 news reporting.

मालपुआ Malpoa pitha.jpg अमालू भारत, बांग्लादेश, नेपाल ओड़िशा, पश्चिम बंगाल, असम, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, महाराष्ट्र मिठाई साधारण आटा, चावल का आटा, शक्कर, नारियल thumb|रज उत्सव के लिए मालपुआ मालपुआ या अपूप एक प्रकार का पकवान है जो मैदा, खोया व चीनी से बनाया जाता है। मालपुआ एक प्रकार का पैनकेक है जो एक भोजन के अंत में परोसे गए मिठाई की तरह या एक नाश्ता की तरह परोसा जाता है। यह भारत और बांग्लादेश में काफी लोकप्रिय है। Ray Dipti Pratapararudradeva: The Great Suryavamsi King Of Orissa 1497 To 1540 Northern Book Centre Lecture notes in mathematics 1358 2007 978-8172111953 यह पुरी में जगन्नाथ प्रभु को सुबह के भोग (सकाला धुप) के रूप में लगाया जाता है http://www.oriyanari.com/id2.html CHHAPAN BHOG, 56 sacred items of Jagannath Temple, Puri 27 जनवरी 2017 https://web.archive.org/web/20160309212105/http://www.oriyanari.com/id2.html 9 मार्च 2016 dead बंगाली घरों में यह पौष संक्रांति के दौरान तैयार किया जाता है। मांसाहारी मैथिल परिवारों में यह होली के दौरान मटन करी के साथ पेश किया जाता है। http://www.ifood.tv/network/Malapuaजून 2020 InternetArchiveBot मालपुआ के बनाने के लिए कुछ क्षेत्रों में इसके मिश्रण में पके केले को मसलकर, नारियल, आटा, और पानी या दूध डालकर तैयार किया जाता है। इस मिश्रण को स्वादिष्ट बनाने के लिए कभी कभी इसे इलायची के साथ संशोषित किया जाता है। मालपुए के बिहारी संस्करण में तलने से पहले घोल में चीनी डाली जाती हैं। जबकि ओड़िशा तले गए पुए को चीनी के चाशनी में डाला जाता है। मालपुआ बांग्लादेश, ओड़िशा, पश्चिम बंगाल और महाराष्ट्र और नेपाल में काफी लोकप्रिय है। जहां यह त्योहारों के दौरान अन्य मिठाई के साथ-साथ पेश किया जाता है। भगवान जगन्नाथ को चड़ाए जाने वाले छप्पन भोगों में अमालु (मालपुआ) भी एक है। रमजान के पवित्र मुस्लिम महीने के दौरान मालपुआ एक प्रसिद्ध पकवान है। भारत के साथ-साथ पाकिस्तान में मुस्लिम परिवार उपवास तोड़ने के लिए (इफ्तार के दौरान) मालपुआ तैयार करते हैं। इतिहास वैदिक काल के दौरान आर्यों के द्वारा अनाज के रूप में जौ सबसे ज्यादा खाया जाता था था। इस प्रकार की किस्म अपुपा थी जिसमे जौ के आटे को घी में तलकर या पानी में उबालकर और फिर शहद में डुबाया जाता था। वर्तमान मालपुआ ने इस वैदिक नाम और इसकी तैयारी की प्रकिर्या दोनों को बरकरार रखा है। Indian Food: A Historical Companion https://archive.org/details/historicaldictio00ktac Achaya K.T. Oxford University Press 1998 978-0195644166 33 छत्तीसगढ़ में सतनामी सम्प्रदाय के लोग भी विशेष अवसरों पर मालपुआ खाते हैं बंगाली मालपुआ नुस्खा यह मालपुआ के तले हुए किस्म का एक नुस्खा है। जिसे चीनी के घोल में डुबो कर इसे त्यार किया जाता है सामग्री 2.5 कप मैदा 0.5 कप चावल का आटा 2.0 कप चीनी 3.0 कप पानी 1.0 कप कटा हुआ नारियल तैयारी इन सभी चीजों को एक साथ मिलाये एवं एक घोल बनाये। अगर इसको अधिक मीठा बनाना हैं है और चीनी दाल सकते है। द्वितीय (50) बनाता है सामग्री 500 मिलीलीटर घी इलायची 50 ग्राम सौंफ़ बीज 20 ग्राम सूजी 500 ग्राम तैयारी ओड़िया मालपुआ नुस्खा पूरी के जगन्नाथ मंदिर में अमालू सामान्य तौर पर किया जाने वाला एक संझा धुप हैं और अमालू के कई प्रकार (बड़ा अमालू , साना अमालू ) संझा धुप में भगवन जगन्नाथ को भोग के तौर पर चड़ाए जाते हैं। सामग्री: अमालू के लिए दही की 250 मिलीलीटर मैदा (परिष्कृत आटा) के 3 बड़े चम्मच तलने के लिए घी / तेल की 3-4 बड़े चम्मच भुना हुआ सौंफ़ 1 चम्मच चीनी के चाशनी के लिए (सिरा/किशमिश) चीनी 200 ग्राम 1 मीठा नीबू का छिलका पानी की 200 मिलीलीटर तैयारी: दही, आटा और सौंफ के मिश्रण का घोल बनाये। इनको तब तक मिलते रहे जब तक यह घोल एक सामान चिकना नहीं हो जाए। सन्दर्भ बाहरी कड़ियाँ श्रेणी:भारतीय मिठाइयाँ