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411 समाचार
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राजस्थान लोक सेवा आयोग

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राजस्थान लोक सेवा आयोग आरपीएससी राजस्थान सरकार का एक आयोग है, जो विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओँ का आयोजन करता है। इसके माध्यम से राजस्थान प्रशासनिक सेवा (आर.ए.एस), राजस्थान पुलिस सेवा (आर.पी.एस) तथा राजस्थान तहसीलदार सेवा (आर.टी.एस) में उत्तीर्ण अभ्यर्थियों का चयन किया जाता है। इसका मुख्यालय अजमेर (घूघरा घाटी) में स्थित है। == इतिहास == वर्ष 1923 में ली कमिशन ने भारत में एक संघ लोक सेवा आयोग की स्‍थापना की सिफारिश की थी किन्‍तु इस कमिशन ने प्रांतो में लोक सेवा आयोगों की स्‍थापना के बारें में कोई विचार नहीं किया । क्योंकि सभी प्रांत सरकार आवश्यकतानुसार नियुक्तियां करने व राज्य सेवा नियम बनाने हेतु स्वतंत्र थी। राजस्थान लोक सेवा आयोग की स्थापना दिनांक 22 दिसम्बर, 1949 को हुयी थी । सत्यनारायण राव समिति की सिफारिश पर जयपुर से अजमेर स्थानांतरित किया गया था। राजस्‍थान लोक सेवा आयोग सेवा की शर्तें नियम, 1951 राजस्‍थान लोक सेवा आयोग कार्यों की सीमा नियम, 1951 == विनिमय == संविधान के 14वें भाग में अनु. 315 से 323 में राज्य लोक सेवा आयोग की स्वतंत्रता व शक्तियों के अतिरिक्त इसके गठन तथा सदस्यों को नियुक्ति व पदमुक्ति इत्यादि का प्रावधान किया गया है।' नियुक्ति * -संविधान के अनु. 316 के अनुसार राज्य लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष व सदस्यों की नियुक्ति राज्यपाल द्वारा की जायेगी। संविधान में आयोग के सदस्यों की संख्या और योग्यता का उल्लेख नहीं है। परन्तु यह आवश्यक है कि राज्य लोक सेवा आयोग के आधे सदस्य ऐसे व्यक्ति होंगे जो अपनी नियुक्ति से पूर्व भारत सरकार या राज्य सरकार के अधीन कम से कम 10 वर्ष तक सरकारी सेवा में रहा हो। 'कार्यकाल'-राज्य लोक सेवा आयोग का अध्यक्ष व सदस्य अपने पद ग्रहण की तारीख से छह वर्ष की अवधि तक या 62 वर्ष की आयु प्राप्त कर लेने तक अपना पद धारण करेगा। (41th संविधान संशोधन 1976 द्वारा 60 वर्ष से बढ़ाकर 62 वर्ष की गई) राजस्थान में योग्य लोकसेवकों की भर्ती के लिए सलाह देने हेतु संविधान के अनुच्छेद 315 के तहत राजस्थान लोक सेवा आयोग की स्थापना 20 अगस्त 1949 को जयपुर में की गई। इसका प्रथम अध्यक्ष तत्कालीन मुख्य न्यायाधीश (राजस्थान उच्च न्यायालय) एस.के. घोष को बनाया गया। राज्य पुनर्गठन के बाद सत्यनारायण राव समिति की सिफारिश पर लोक सेवा आयोग अजमेर स्थानांतरित कर दिया गया आयोग में एक अध्यक्ष व अन्य सदस्य होते हैं, जिनकी नियुक्ति राज्य के राज्यपाल द्वारा की जाती है। इसके अध्यक्ष व सदस्यों का कार्यकाल 6 वर्ष या 62 वर्ष की आयु तक होती हैं। RPSC के वर्तमान कार्यवाहक अध्यक्ष लेफ्टिनेंट कर्नल केसरी सिंह राठौर हैं ( उत्कल रंजन साहू से ठीक पहले राजस्थान लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष का कार्यभार कैलाश चंद मीणा ने कार्यवाहक अध्यक्ष के रूप में संभाला था। संजय कुमार श्रोत्रिय इनके पूर्व अध्यक्ष थे जिनका कार्यकाल अगस्त 2024 में पूरा हुआ था और उसके बाद से अध्यक्ष पद लगभग 10 महीने तक रिक्त था, तब तक कैलाश चंद मीणा कार्यवाहक अध्यक्ष थे) राजस्थान लोक सेवा आयोग में अध्यक्ष व 10 सदस्यों सहित 11 सदस्य होते हैं। राजस्थान लोक सेवा आयोग की कार्य प्रणाली राजस्थान लोक सेवा आयोग नियम एवं शर्तें 1963 एवं राजस्थान लोक सेवा आयोग, शर्तें, प्रक्रिया, अध्यादेश, 1975 एवं नियम 1976 द्वारा तय की जाती हैं। RPSC के सदस्यों की संख्या राज्यपाल बढ़ा सकता है परन्तु मंत्रीपरिषद की परामर्श से RPSC के अध्यक्ष एवं सदस्यों का निलम्बन राज्यपाल करता है, लेकिन पद से हटाने की शक्ति राष्ट्रपति को है। == आरपीएससी भर्ती परीक्षा सूची == राजस्थान प्रशासनिक सेवा परीक्षा (आर.ए.एस) राजस्थान पुलिस सेवा परीक्षा (आर.पी.एस) राजस्थान तहसीलदार सेवा परीक्षा (आर.टी.एस) राजस्थान यातायात सेवा परीक्षा व्याख्याता (स्कूल शिक्षा) परीक्षा राज सहकारी अधीनस्थ सेवा परीक्षा राजस्थान औद्योगिक सेवा परीक्षा राजस्थान राज्य बीमा सेवा परीक्षा राजस्थान ग्रामीण विकास सेवा परीक्षा राजस्थान एकीकृत बाल विकास राजस्थान उत्पाद शुल्क कृषि सेवा == आरपीएससी वर्तमान पदाधिकारी सूची == == आरपीएससी कर्मचारी पुरस्कार सूची == == यह भी देखें == राजस्थान का इतिहास राजस्थान के लोकदेवता राजस्थान विधानसभा चुनाव 2023 राजस्थान के वन्य-जीव अभयारण्य == सन्दर्भ ==