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411 समाचार
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411 REFERENCE · Wikipedia

काराशहर

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मार्च 2026 यह राज्य लगभग 500 ली' पूर्व से पश्चिम और 400 ली उत्तर से दक्षिण तक विस्तृत है। इसकी राजधानी का घेरा लगभग 6 या 7 ली है जो कि चारों ओर से पहाड़ियों से घिरा हुआ है। इसकी सड़कें ढालू और सुरक्षित हैं। नदी और नाले नासपाती, बेर तथा अन्यान्य फलों की पैदावार के लिए यह भूमि बहुत ही उपयुक्त बहुतायत में है जिनसे खेतों की सिंचाई का काम होता है। ज्वार, गेहूं, मुनक्का, अंगूर, है। वायु मन्द और सुखदायक तथा मनुष्यों के व्यवहार सच्चे और ईमानदारी के हैं। यहां की लिखावट में और भारत की लिखावट में कुछ थोड़ा ही अन्तर है। पोशाक रूई अथवा ऊन की पहनी जाती है। शिरोवस्त्र (पगड़ी या टोपी) का बिल्कुल भी चलन नहीं है तथा लोगों के सिर के बाल भी कटे हुए रहते हैं। वाणिज्य-व्यवसाय में ये लोग सोने और चांदी के सिक्के तथा तांबे के छोटे-छोटे सिक्के काम में लाते हैं। बादशाह स्वदेशी और बहादुर हैं। यद्यपि अपनी विजय की उसे सदा आकांक्षा रहती है परंतु वह सेना-संबंधी नियमों की ओर कम ध्यान देता है। इस देश में लगभग दस ‘संघाराम' (बुद्ध विहार) बने हुए हैं जिनमें 'हीनयान' धर्म के अनुयायी और दो हजार बौद्ध भिक्खु निवास करते हैं, जिनका संबंध 'सर्वास्तिवाद" संस्था से है। सूत्र और विनय भारतवर्ष के समान ही चीन में भी आवृत हैं और पुस्तकें भी वही हैं जो भारतवर्ष में प्रचलित हैं। यहां के धर्मोपदेशक अपनी पुस्तकों को पढ़कर उनमें लिखे हुए नियमों का बहुत पवित्रता और दृढ़तापूर्वक मनन करते हैं। ये लोग केवल तीन' पुनीत भक्ष्य वस्तुओं का भोजन करते हैं, और सदा 'क्रमशः वृद्धिदायक' नियम' की ओर लक्ष्य रखते हैं। इस देश से लगभग 200 ली दक्षिण पश्चिम की ओर एक छोटा-सा पहाड़ और दो बड़ी नदियां पार करके तथा एक समतल घाटी (हमवार) लांघ कर 700 ली चलने के पश्चात हम उस देश में आए जिसका नाम 'किउची' है। सोर्स :-चीनी बौद्ध यात्री ह्वेनसंग की भारत यात्रा. नामोत्पत्ति संस्कृत में इसे 'अग्नि' कहा जाता था। स्थानीय तुर्की भाषाओं में इसे अनुवाद करके 'यान्ग़ी' कर दिया गया, जो आधुनिक काल में यान्ची बन गया। भारत जानेवाला चीनी धर्मयात्री ह्वेन त्सांग यहाँ से गुज़रा था और उसने 'अग्नि' शब्द का चीनी लिपि में लिप्यंतरण करके इसे 'ओ-कि-नि' लिखा।Saran (2005), p. 61. इसे आधुनिक उईग़ुर नाम 'काराशहर' का मतलब 'काला शहर' है। काराशहर के कुछ दृश्य इन्हें भी देखें बायिनग़ोलिन मंगोल स्वशासित विभाग रेशम मार्ग सन्दर्भ 2 श्रेणी:रेशम मार्ग श्रेणी:मध्य एशिया का इतिहास श्रेणी:शिंजियांग श्रेणी:मध्य एशिया के शहर श्रेणी:चीन के शहर श्रेणी:बायिनग़ोलिन मंगोल स्वशासित विभाग