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411 समाचार
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411 REFERENCE · Wikipedia

अबू इशाक इब्राहीम अल-ज़रकाली

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अबू इशाक इब्राहीम अल-ज़रकाली أبو إسحاق إبراهيم بن يحيى النقاش التجيبي الزرقالي ar Azarquiel (MUNCYT, Eulogia Merle).jpg अल-ज़रकाली का एक काल्पनिक चित्रण (MUNCYT) अबू इशाक इब्राहीम इब्न याह्या अल-नक्काश अल-तुजीबी अल-ज़रकाली 1029 (अनुमानित) टोलेडो, अल-अंदलुस 1100 (अनुमानित) सेविला, अल-अंदलुस खगोलशास्त्री, गणितज्ञ, उपकरण निर्माता 'अज़ाफ़िया', टोलेडो की सारणियाँ, सौर सिद्धांत इस्लाम अबू इशाक इब्राहीम इब्न याह्या अल-नक्काश अल-तुजीबी अल-ज़रकाली (أبو إسحاق إبراهيم بن يحيى النقاش التجيبي الزرقالي; मृत्यु अनुमानित 1100), जिन्हें लैटिन ग्रंथों में अज़ारक्विएल (Azarquiel) या अरज़ाचेल (Arzachel) लिखा गया है, 11वीं सदी में अल-अंदलुस (वर्तमान स्पेन) के एक खगोलशास्त्री और खगोलीय उपकरण निर्माता थे।Kalin Ibrahim 2014 The Oxford Encyclopedia of Philosophy, Science, and Technology in Islam Oxford University Press 72 प्रारंभिक जीवन और कार्य अल-ज़रकाली का जन्म टोलेडो (Toledo) में हुआ था। जॉन डेविड नॉर्थ (John David North) के विवरण के अनुसार, वे धातु पर नक्काशी करने वाले एक प्रशिक्षित कारीगर थे। बाद में, उन्होंने टोलेडो के कादी (न्यायाधीश) और वैज्ञानिक 'सईद अल-अंदलुसी' के लिए कार्य किया। वहाँ उन्होंने खगोलीय उपकरणों के निर्माण के साथ-साथ सैद्धांतिक खगोल विज्ञान में भी भागीदारी की।North John David 2008 Cosmos: an illustrated history of astronomy and cosmology https://archive.org/details/cosmosillustrate0000nort University of Chicago Press 218 खगोलीय उपकरण: 'अज़ाफ़िया' और जल-घड़ियाँ पारंपरिक एस्ट्रोलेब में अलग-अलग अक्षांशों (Latitudes) के लिए अलग-अलग प्लेटों का उपयोग किया जाता था। अल-ज़रकाली ने एक ऐसा उपकरण विकसित किया जिसे विभिन्न अक्षांशों पर उपयोग किया जा सकता था। इस उपकरण को अरबी में अल-सफीहा (al-ṣafīḥah) और लैटिन में अज़ाफ़िया (Azafea) या सफ़िया (Saphaea) कहा गया।Spain - Culture of Muslim Spain Encyclopedia Britannica https://www.britannica.com/place/Spain/Culture-of-Muslim-Spain इस उपकरण में वसंत या शरद ऋतु के बिंदुओं को केंद्र में रखा गया था।Hill Donald 2013 A History of Engineering in Classical and Medieval Times Routledge 193 ऐतिहासिक दस्तावेज़ों के अनुसार, 16वीं शताब्दी तक नाविकों और खगोलशास्त्रियों द्वारा इसका उपयोग किया जाता रहा। इसके अतिरिक्त, अल-ज़रकाली ने टोलेडो में टैगस नदी के तट पर दो जटिल जल-घड़ियों (Water clocks) का निर्माण भी किया था। ये घड़ियाँ चंद्र कैलेंडर के रूप में कार्य करती थीं, जो चंद्रमा की कलाओं (Phases of the moon) के अनुसार पानी के स्तर को समायोजित करती थीं। ये घड़ियाँ 1133 ईस्वी तक कार्य करती रहीं, जब तक कि उन्हें उनकी कार्यप्रणाली समझने के लिए खोला नहीं गया, जिसके बाद उन्हें दोबारा जोड़ा नहीं जा सका। टोलेडो की खगोलीय सारणियाँ अल-ज़रकाली का एक अन्य प्रमुख कार्य 'टोलेडो की खगोलीय सारणियाँ' (Toledan Tables) का संकलन था। सईद अल-अंदलुसी के मार्गदर्शन में, उन्होंने खगोलशास्त्रियों के एक समूह के साथ मिलकर इन सारणियों को तैयार किया। इन सारणियों में सूर्य, चंद्रमा और ग्रहों की स्थिति का विवरण था। इसी कार्य के दौरान, अल-ज़रकाली ने क्लॉडियस टॉलेमी (Ptolemy) द्वारा भूमध्य सागर की लंबाई के लिए दिए गए 62 डिग्री के अनुमान को सुधार कर 42 डिग्री किया, जो आधुनिक भौगोलिक मापन के अधिक निकट है। सौर और ग्रहीय सिद्धांत खगोलीय सिद्धांतों पर अल-ज़रकाली के कार्य निम्नलिखित हैं: सौर सिद्धांत: उन्होंने सूर्य की गति और उसके अपभू (Apogee) का अध्ययन किया। अल-ज़रकाली ने यह स्थापित किया कि सूर्य का अपभू तारों के सापेक्ष स्थिर नहीं है, बल्कि गति करता है। उन्होंने इस गति की गणना 12.04 सेकंड प्रति वर्ष की (आधुनिक गणना 11.8 सेकंड है)। जी. जे. ट्यूमर (G. J. Toomer) के अनुसार, उन्होंने सूर्य के पथ का आकलन करने के लिए पिछले मॉडलों में संशोधन प्रस्तुत किए।Toomer G. J. The Solar Theory of az-Zarqal A History of Errors https://onlinelibrary.wiley.com/doi/10.1111/j.1600-0498.1969.tb00146.x Centaurus en 14 1 306–336 10.1111/j.1600-0498.1969.tb00146.x 0008-8994Toomer G. J. 1987 The Solar Theory of az-Zarqāl: An Epilogue Annals of the New York Academy of Sciences 500 1 513–519 10.1111/j.1749-6632.1987.tb37222.x बुध ग्रह की कक्षा: जूलियो सैम्सो (Julio Samsó) और विली हार्टनर (Willy Hartner) के शोध के अनुसार, बुध ग्रह की कक्षा के अध्ययन में अल-ज़रकाली ने इसे पूर्णतः वृत्ताकार (Circular) के बजाय अंडाकार (Oval) के रूप में वर्णित किया था।Samsó Julio Honorino Honorino 1994 Ibn al-Zarqalluh on Mercury Journal for the History of Astronomy 25 4 292 10.1177/002182869402500403Qadir Asghar 1989 Relativity: An Introduction to the Special Theory World Scientific 5–10 9971-5-0612-2 लैटिन अनुवाद और उल्लेख कैस्टिले के राजा अल्फोंसो एक्स (Alfonso X) के निर्देशों पर उनके कार्यों का स्पेनिश और लैटिन में अनुवाद लिब्रोस डेल साबेर (Libros del Saber) के रूप में किया गया।Glick Thomas F. Livesey Steven John Wallis Faith 2005 Medieval Science, Technology, and Medicine: An Encyclopedia https://archive.org/details/medievalsciencet0000unse Routledge 30 0-415-96930-1 अल-ज़रकाली के खगोलीय मापन का उपयोग बाद के यूरोपीय खगोलशास्त्रियों द्वारा किया गया। निकोलस कोपरनिकस (Nicolaus Copernicus) ने अपनी पुस्तक डी रिवोल्यूशनिबस ऑर्बियम कोएलेस्टियम (De revolutionibus orbium coelestium) में तारों की गति पर चर्चा करते हुए अल-ज़रकाली और अल-बत्तानी के कार्यों का संदर्भ दिया है। अंग्रेजी कवि जेफ्री चॉसर के कार्यों में भी उनका उल्लेख मिलता है।Weever J. 1996 Chaucer Name Dictionary: A Guide to Astrological, Biblical, Historical, Literary, and Mythological Names in the Works of Geoffrey Chaucer Routledge 41 9780815323020 चंद्रमा पर मौजूद एक क्रेटर का नाम 'अरज़ाचेल' (Arzachel) रखा गया है। सन्दर्भ बाहरी कड़ियाँ विकिडाटा पर अल-ज़रकाली (Q11133) श्रेणी:11वीं सदी के खगोलशास्त्री श्रेणी:अरब खगोलशास्त्री श्रेणी:मध्यकालीन इस्लामी खगोलशास्त्री श्रेणी:1100 में निधन श्रेणी:2026 विकि लव्ज़ रमजान प्रतियोगिता के लेख