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सवुक्कु
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सवुक्कु File:Savukku logo.jpg 100px वेबसाइट का प्रतीक चिह्न - "घोड़े पर चाबुक लिए एक चरवाहे का चित्र" 250px वेबसाइट के होमपेज का स्क्रीनशॉट https://savukkuonline.com/ savukkuonline.com No गुमनाम ब्लॉग तमिल, अंग्रेज़ी सवुक्कु शंकर अनेक 2010 9 yes अत्यधिक सक्रिय
सवुक्कु (अंग्रेजी: व्हिप; हिन्दी: कोड़ा) एक वेबसाइट है। इस वेबसाइट को तमिलों का विकीलीक्स कहा गया है।Court blocks Tamil 'Assange' Shankar's website savukku.net न्यायालय ने तमिल "असांज' शंकर की वेबसाइट सवुक्कु डॉट नेट को प्रतिबंधित किया http://ibnlive.in.com/news/court-blocks-tamil-assange-shankars-website-savukkunet/454867-62-128.html https://web.archive.org/web/20140305063549/http://ibnlive.in.com/news/court-blocks-tamil-assange-shankars-website-savukkunet/454867-62-128.html 5 मार्च 2014 आईएबएन लाइव 17 जुलाई 2024 5 मार्च 2014 en dead इस वेबसाइट पर प्रकाशित होने वाले लेख तमिल और अंग्रेजी भाषा में होते हैं। ऐसा माना जाता है कि इसे सवुक्कु शंकर उर्फ अचिमुथु शंकर चलाते हैं, जो सतर्कता और भ्रष्टाचार निरोधक निदेशालय (डीवीएसी) में कार्मिक और प्रशासनिक सुधार विभाग में एक पूर्व लोअर डिवीजन क्लर्क थे।Achimuthu Sankar: A loose canon or a homegrown Assange? अचिमुथु शंकर: एक सस्ती कसौटी या देशी असांज? https://www.business-standard.com/article/current-affairs/achimuthu-sankar-a-loose-canon-or-a-homegrown-assange-114020700282_1.html बिजनस स्टैण्डर्ड 17 जुलाई 2024 en live इस वेबसाइट पर प्रकाशित होने वाले गुमनाम लेख भ्रष्ट सरकारी कर्मचारियों, राजनेताओं, न्यायाधीशों और पत्रकारों के विषय में होते हैं।
इस वेबसाइट की शुरुआत सितंबर 2010 में हुई थी। वेबसाइट पर प्रकाशित लेखों में उनके लेखक या प्रकाशक के बारे में कोई जानकारी नहीं दी जाती है। वर्ष 2008 में अचिमुथु शंकर ने कथित तौर पर डीवीएसी के तत्कालीन निदेशक एस.के. उपाध्याय और राज्य के तत्कालीन मुख्य सचिव एल.के. त्रिपाठी के बीच टेप की गई बातचीत की प्रतिलिपि अंग्रेजी दैनिक समाचार पत्र डेक्कन क्रॉनिकल को लीक कर दी थी। इसके लिए उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया उन्हें थर्ड-डिग्री टॉर्चर का दिया गया। जमानत पर रिहा होने के बाद, उन्होंने सूचना के अधिकार अधिनियम के तहत जानकारी इकट्ठा करना शुरू कर दिया और बाद में उन्होंने जो जानकारी इकट्ठी की थी उसे सार्वजनिक करने के लिए एक ब्लॉग पोस्ट किया। इसके कारण शंकर की दूसरी बार गिरफ्तारी हुई। इसके बाद उन्होंने भ्रष्टाचार को उजागर करने के लिए अपने ब्लॉग को सवुक्कु नामक एक वेबसाइट में बदल दिया।
इन्हें भी देखें
विकिलीक्स
सन्दर्भ
श्रेणी:वेबसाइट
श्रेणी:ऑनलाइन लेखकोश