411 REFERENCE · Wikipedia
आंवलखेड़ा
Reference material by Wikipedia contributors. This retains its source identity and is not 411 news reporting.
आवलखेड़ा उत्तर प्रदेश के आगरा जिले का एक गाँव है जहाँ महान चिंतक एवं गायत्री परिवार के संस्थापक श्रीराम शर्मा आचार्य का जन्म हुआ था। यह अब युगतीर्थ बन चुका है। जहाँ संवत १९६८ आश्विन कृष्ण त्र्योदशी बुधवार (२ सितम्बर १९११) को उनका प्राकटय हुआ। यहीं की धूल में खेले, बड़े हुए। यहीं 15 वर्ष की किशोर अवस्था (वसंत पंचमी-सन् १९२६) में हिमालयस्थ ऋषिसत्ता-गुरुसत्ता का साक्षात्कार हुआ। इसी के साथ प्रारंभ हो गया २४-२४ लक्ष के महापुरश्चरण का सिलसिला। यहीं वे स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के रूप उभरे तथा श्रीराम मत्त (मस्त) या मत्त जी के नाम से प्रसिद्ध हुए। उनके द्वारा खोदा कुआँ और लगाया गया नीम का पेड़ आज भी स्मृतियाँ ताजा करते हैं।
यहीं से उनकी सेवा-साधना प्रारंभ हुई। शिक्षा एवं ग्रामीण स्वावलम्बन की कई गतिविधियाँ चलाईं। विरासत में मिली प्रचुर भू-सम्पदा का उपयोग अपने और अपने परिवार के लिये नहीं किया। एक भाग से अपनी माताजी की स्मृति में दान कुँवरि इण्टर कॉलेज की स्थापना कराई, शेष राशि बाद में गायत्री तपोभूमि हेतु समर्पित कर दी।
सन् १९७९-८० में गायत्री शक्तिपीठ एवं राजकीय कन्या इण्टर कॉलेज का शुभारंभ हुआ, जो आज कन्या महाविद्यालय (डिग्री कॉलेज) बन चुका है। सन् १९९५ में प्रथम पूर्णाहुति समारोह भी यहाँ सम्पन्न हुआ, जिसमें लगभग पचास लाख लोगों ने भाग लिया। माता भगवती देवी शर्मा राजकीय सामुदायिक चिकित्सालय की स्थापना भी हो चुकी है, इस अवसर पर भारत के प्रधानमंत्री ने एक कीर्ति स्तम्भ का लोकार्पण किया। आँवलखेड़ा आगरा से लगभग २४ किलोमीटर जलेसर रोड पर स्थित है और पुराने बिजलीघर से बसें उपलब्ध रहती हैं। वहाँ पहुँचकर देश-विदेश के भावनाशील साधकगण उसी प्रकार भाव विभोर हो उठते हैं, जैसे चैतन्य महाप्रभु वृन्दावन में पहुँचकर आनंदित हुए थे।