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411 समाचार
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411 REFERENCE · Wikipedia

राजेन्द्र यादव

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राजेन्द्र यादव (अंग्रेजी: Rajendra Yadav, जन्म: 28 अगस्त 1929 आगरा – मृत्यु: 28 अक्टूबर 2013 दिल्ली) हिन्दी के सुपरिचित लेखक, कहानीकार, उपन्यासकार व आलोचक थे। नयी कहानी के नाम से हिन्दी साहित्य में उन्होंने एक नयी विधा का सूत्रपात किया। उपन्यासकार मुंशी प्रेमचन्द द्वारा सन् 1930 में स्थापित साहित्यिक पत्रिका हंस का पुनर्प्रकाशन उन्होंने प्रेमचन्द की जयन्ती के दिन 31 जुलाई 1986 को प्रारम्भ किया था। यह पत्रिका सन् 1953 में बन्द हो गयी थी। इसके प्रकाशन का दायित्व उन्होंने स्वयं लिया और अपने मरते दम तक पूरे 27 वर्ष निभाया। 28 अगस्त 1929 ई० को उत्तर प्रदेश के शहर आगरा में राजेंद्र यादव का जन्म हुआ। उनके पिता का नाम था डॉ मिश्रीलाल यादव और माता का नाम श्रीमती ताराबाई। उनकी प्राथमिक शिक्षा आगरा में हुई। बारह साल की उम्र में हॉकी खेलते वक्त हुए एक हादसे में उनकी एक टांग टूट गई तथा में जीवन भर के लिए अपाहिज हो गए। उन्होंने आगरा के नागरी प्रचारिणी से हिंदी विशारद, साहित्य रत्न पास कर 1951 ई० में आगरा विश्वविद्यालय से एम०ए० की परीक्षा हिन्दी साहित्य में प्रथम श्रेणी में प्रथम स्थान के साथ उत्तीर्ण की। उनका विवाह सुपरिचित हिन्दी लेखिका मन्नू भण्डारी के साथ हुआ था। वे हिन्दी साहित्य की सुप्रसिद्ध हंस पत्रिका के सम्पादक थे। हिन्दी अकादमी, दिल्ली द्वारा राजेन्द्र यादव को उनके समग्र लेखन के लिये वर्ष 2003-04 का सर्वोच्च सम्मान (शलाका सम्मान) प्रदान किया गया था। 28 अक्टूबर 2013 की रात्रि को नई दिल्ली में 84 वर्ष की आयु में उनका निधन हुआ। == प्रकाशित पुस्तकें == === कहानी-संग्रह === देवताओं की मूर्तियाँ1952, खेल-खिलौनेः 1953 जहाँ लक्ष्मी कैद हैः 1957 अभिमन्यु की आत्महत्याः 1959 छोटे-छोटे ताजमहलः 1961 किनारे से किनारे तकः 1962 टूटनाः 1966, चौखटे तोड़ते त्रिकोणः 1987, ये जो आतिश गालिब (प्रेम कहानियाँ): 2008 यहाँ तकः पड़ाव-1, पड़ाव-2(1989) वहाँ तक पहुँचने की दौड़, हासिल === उपन्यास === सारा आकाशः 1959 ('प्रेत बोलते हैं' के नाम से 1951 में) उखड़े हुए लोगः 1956 कुलटाः 1958 शह और मातः 1959 अनदेखे अनजान पुलः 1963 एक इंच मुस्कान (मन्नू भंडारी के साथ) 1963, मन्त्रविद्ध: 1967 एक था शैलेन्द्र: 2007 === कविता-संग्रह === आवाज तेरी हैः 1960 === नाटक === चैखव के तीन नाटक (सीगल, तीन बहनें, चेरी का बगीचा)। === अनुवाद === उपन्यास : टक्कर (चैखव), हमारे युग का एक नायक (लर्मन्तोव) प्रथम-प्रेम (तुर्गनेव), वसन्त-प्लावन (तुर्गनेव), एक मछुआ : एक मोती (स्टाइनबैक), अजनबी (कामू)- ये सारे उपन्यास 'कथा शिखर' के नाम से दो खण्डों में- 1994, नरक ले जाने वाली लिफ्ट: 2002, स्वस्थ आदमी के बीमार विचार: 2012। === समीक्षा-निबन्ध === कहानीः स्वरूप और संवेदनाः 1968, प्रेमचन्द की विरासतः 1978, अठारह उपन्यासः 1981 औरों के बहानेः 1981, काँटे की बात (बारह खण्ड)1994, कहानी अनुभव और अभिव्यक्तिः 1996, उपन्यासः स्वरूप और संवेदनाः 1998, आदमी की निगाह में औरतः 2001, वे देवता नहीं हैं: 2001, मुड़-मुड़के देखता हूँ: 2002, अब वे वहाँ नहीं रहते: 2007, मेरे साक्षात्कारः 1994, काश, मैं राष्ट्रद्रोही होता : 2008, जवाब दो विक्रमादित्य (साक्षात्कार): 2007। === सम्पादन === एक दुनिया समानान्तरः 1967, प्रेमचन्द द्वारा स्थापित कथा-मासिक 'हंस' का अगस्त,1986 से कथा-दशकः हिन्दी कहानियाँ (1981 -90), आत्मतर्पणः 1994, अभी दिल्ली दूर हैः 1995, काली सुर्खियाँ (अश्वेत कहानी-संग्रह): 1995, कथा यात्रा: 1967, अतीत होती सदी और त्रासदी का भविष्य: 2000 औरत : उत्तरकथा 2001, देहरी भई बिदेस, कथा जगत की बाग़ी मुस्लिम औरतें, हंस के शुरुआती चार साल 2008 (कहानियाँ), वह सुबह कभी तो आयेगी (साम्प्रदायिकता पर लेख): 2008 == मुख्य रचनाएँ == उपन्यास:- प्रेत बोलते हैं प्रगति प्रकाशन दिल्ली 1951 (बाद में यही उपन्यास राजकमल प्रकाशन द्वारा 1959 में सारा आकाश के नाम से प्रकाशित हुआ), उखड़े हुए लोग राजकमल प्रकाशन दिल्ली 1956, कुलटा मसिजीवी प्रकाशन इलाहाबाद 1958, शह और मात भारतीय ज्ञानपीठ दिल्ली 1959, अनदेखा अनजान पल राजपाल एण्ड सन्स दिल्ली 1963, एक इंच मुस्कान (मन्नू भंडारी के साथ) राजपाल एण्ड सन्स दिल्ली 1963। कथा संग्रह:- देवताओं की मृत्यु आलोक प्रकाशन बीकानेर 1951, खेल खिलौने भारतीय ज्ञानपीठ दिल्ली 1953, जहाँ लक्ष्मी कैद है राजकमल प्रकाशन दिल्ली 1957, छोटे-छोटे ताजमहल राजपाल एण्ड सन्स दिल्ली 1961, किनारे से किनारे तक राजपाल एण्ड सन्स दिल्ली 1962, वहाँ तक पहुँचने की दौड़ राधाकृष्ण प्रकाशन दिल्ली। कविता:- आवाज तेरी है भारतीय ज्ञानपीठ दिल्ली 1960। सम्पादन कार्य:- हंस पत्रिका - जनचेतना का प्रगतिशील कथा मासिक। == इन्हें भी देखें == हिन्दी गद्यकार == सन्दर्भ == == बाहरी कड़ियाँ == साहित्यकार राजेन्द्र यादव का निधन - 29 अक्टूबर 2013 का समाचार बीबीसी हिन्दी पर देखें चीनी कम, जिन्दगी ज्यादा राजेन्द्र यादव की बेटी का विशेष आलेख राजेन्द्र यादव (गूगल पुस्तक ; लेखिका - कमला ठाकरे)